देश के करोडों युवाओं के रोल मॉडल हैं मिसाइल मैन डॉ. कलाम

ब्रह्मानंद राजपूत
(भारत रत्न डॉ. ए पी जे अब्दुल कलाम जी की द्वितीय पुण्यतिथि 27 जुलाई 2017 पर विशेष आलेख) भारत माँ के सपूत, मिसाइल मैन, राष्ट्र पुरुष, राष्ट्र मार्गदर्शक, महान वैज्ञानिक, महान दार्शनिक, सच्चे देशभक्त ना जाने कितनी उपाधियों से पुकार जाता था भारत रत्न डॉ. ए पी जे अब्दुल कलाम जी Read more

भगवान शिव की आराधना के लिये प्रसिध्द है आगरा का कैलाश मेला

ब्रह्मानंद राजपूत
(24 जुलाई 2017 कैलाश मेले पर विशेष आलेख) हमारे भारत देश में एक समृद्ध आध्यात्मिक और धार्मिक विरासत के साथ, कई धर्मों का पालन किया जाता है। नतीजतन धार्मिक त्योहारों की एक बड़ी संख्या को मनाया जाता है। ऐसा ही एक त्यौहार आगरा का सुप्रसिध्द कैलाश मेला है। आगरा का यह सुप्रसिध्द कै Read more

समय समय का फेर–समय तब और अब Part 5

डा. जे.के.गर्ग
25.एक जमाने मे स्वस्थ प्रतिस्पर्धा/प्रतिद्वंद्वीता के फलस्वरूप श्रेष्ट गुणवत्ता वाले उत्पादों का निर्माण होता था किन्तु आज तो मार्केटिंग के आडम्बर में जनता को बेवकूफ बनाया जा रहा है | 26.कभी हमारे देश मै संत-योगी महात्मा समाज को मानव धर्म की सीख देते थे और खुद एकांत में तपस Read more

समय समय का फेर–समय तब और अब Part 4

डा. जे.के.गर्ग
20.एक जमाने में सुन्दरता आखों में बसती थी किन्तु आज सुन्दरता को व्यापार एवं धन कमाने की वस्तु बना दिया गया है | 21.एक जमाने में सरकारें निष्पक्ष/तर्कसंगत/न्याय संगत तरीके से काम करती थी, सेक्स के प्रदर्शन को हेय एवं गंदा माना जाता थाकिन्तु आज के समय इसके बारे में क्या कहा Read more

समय समय का फेर–समय तब और अब Part 3

डा. जे.के.गर्ग
14.एक जमाने में गोल्डन रूल से शासन चला करते थे किन्तु आज अगर आप के पास गोल्ड (सोना चांदी -रूपये ) हो तो ही आप शासन कर सकते है | 15.एक जमाने में जीवन मे सफलता का अर्थ था अपने सिद्धांतों एवं आदर्शों पर चल कर जीना किन्तु आज के समय सफलता अर्जन केलिये जरूरी है अपने सिद्धांतो और Read more

समय समय का फेर–समय तब और अब Part 2

8.किसी जमाने में पंचों को परमेश्वर माना जाता था किन्तु आज वे न्याय से कोसों दूर रहते हैं और सिर्फ अपने स्वार्थ के लिये न्याय का खुले आम कत्ल करते हैं | 9.किसी जमाने में सिद्धांतों पर राजनीती की जाती थी, राजनेता जीवन पर्यन्त अपने अपने सिद्धांतो पर अटल रहते थे किन्तु आज तोअपन Read more

समय समय का फेर–समय तब और अब Part 1

डा. जे.के.गर्ग
1.एक जमाना ऐसा भी था जब देश मेंराज नेता आम जनता की बात/समस्याओं को ध्यान से सुनते थे किन्तु आज सिर्फ व्यापारिकऔर इंडस्ट्रियल घरानों की ही बात सुनी जाती है | 2.एक जमाने में गाँधी बाबा सबसे पहिले दरिद्रनारायण (गरीब से भी गरीब) की भलाई को केंद्र मे रख कर नितीयां बनाते थे किन Read more

क्या यह शास्त्र सम्मत है ?

दयानन्द शास्त्री
समस्त धर्मप्रेमी जनता 27 जुलाई 2017 पूर्वाह्न को उपाकर्म और 7 अगस्त 2017 को 11:08 मिनट के बाद रक्षाबन्धन पर्व मनाएं । यजुर्वेद में उपाकर्म शास्त्रीय विवेचना – क्या यह शास्त्र सम्मत है ? इस वर्ष 7 अगस्त 2017 श्रावण पूर्णिमा के दिन ग्रहण होने के कारण उपाकर्म 27 जुलाई 2017 शु Read more

जानिए सावन महीना क्यों हैं विशेष महिलाओं के लिए..?

दयानन्द शास्त्री
जैसा कि आप सभी जानते हैं कि सावन का महीना शुरू हो गया है और इस महीने में शिवलिंग की पूजा का विशेष महत्व है। ऐसी मान्यता है कि इस महीने में भगवान शंकर की पूजा करने और उनके लिए व्रत रखने वाले सभी भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।लेकिन शिव पूजन में चौंकाने वाली बात यह है कि Read more

राखी को मनायें बहिन बेटी के सुरक्षा पर्व के रूप में

डा. जे.के.गर्ग
राखी पर स्नेह के प्रतिक़ राखी को अपने भाईयों की कलाई पर बाँधते वक़्त उनसे उपहार लेने के बजाय उनसे वादा करवायें कि वे देश , पास पड़ोस, परिचित-अपरिचित सभी बहनों की रक्षा करेगें एवं उन्हें बेईज्जत नहीं होने देगें उनके अस्मत की हर परिस्थिती में रक्षा करेगें। देश में रोज़ घटने बा Read more