जिला टास्क फोर्स समिति की बैठक में तैयारियों की हुई गहन समीक्षा
0 से 5 वर्ष तक के 3.33 लाख से अधिक बच्चों को पिलाई जाएगी दो बूंद जिंदगी की
अभियान के सफल संचालन के लिए जिले में बनेंगे 1816 बूथ
अजमेर, 8 जून। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा अजमेर जिले में आगामी 28 जून को राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान आयोजित किया जाएगा।
अभियान के सफल क्रियान्वयन तथा अंतर्विभागीय समन्वय सुनिश्चित करने के लिए सोमवार को जिला कलक्टर श्री लोक बंधु की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला टास्क फोर्स समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में चिकित्सा, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा सहित समस्त संबंधित विभागीय अधिकारियों ने भाग लिया। इन्हें अभियान के शत-प्रतिशत और सफल संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।
बैठक में अधिकारियों को अवगत कराया गया कि यद्यपि देश में पोलियो वायरस का कोई नया मरीज नहीं पाए जाने पर विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा भारत को 27 मार्च 2014 को ही पोलियो मुक्त घोषित किया जा चुका है। वैश्विक स्तर पर सीमावर्ती पड़ोसी देशों में पोलियो वायरस का संचरण अभी भी जारी होने के कारण सुरक्षात्मक दृष्टि से यह टीकाकरण दिवस आयोजित किया जा रहा है।
जिले में इस अभियान के तहत 0 से 5 वर्ष तक के अनुमानित 3 लाख 33 हजार 816 बच्चों को बूथ गतिविधि के दौरान ओरल पोलियो वैक्सीन की 2 बूंद पिलाकर प्रतिरक्षित करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान के प्रथम दिन यानी 28 जून को निर्धारित बूथों पर दवा पिलाने की गतिविधियां संचालित की जाएंगी। इस दिन बूथ पर आने से वंचित बच्चों को अगले दिनों में स्वास्थ्य टीमों द्वारा घर-घर जाकर पोलियो की दवा पिलाई जाएगी।
महाअभियान को सुचारू रूप से धरातल पर उतारने के लिए जिले भर में कुल 1816 पल्स पोलियो बूथ स्थापित किए जा रहे हैं, जिन पर 5 हजार 174 वैक्सीनेटर तैनात रहेंगे। इसके अतिरिक्त, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन व मुख्य चौराहों जैसे सार्वजनिक स्थानों के लिए 66 ट्रांजिट टीमें (126 वैक्सीनेटर) तथा दूर-दराज के ढाणियों व ईंट-भट्टों के लिए 38 मोबाइल टीमें (76 वैक्सीनेटर) नियुक्त की गई हैं, और इन सभी टीमों के कड़े सुपरविजन के लिए 282 पर्यवेक्षक (सुपरवाइजर) तैनात रहेंगे।
प्रशासन द्वारा इस राष्ट्रीय अभियान के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु जिले में माइकिंग (लाउडस्पीकर) द्वारा मुनादी करवाई जाएगी तथा स्वयंसेवी संस्थाओं, गैर-सरकारी संगठनों, स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय विद्यालयों के माध्यम से जन-जागरूकता गतिविधियां संचालित की जाएंगी।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ज्योत्सना रंगा एवं जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शिन्दे स्वाति ने जिले के समस्त अभिभावकों से अपील की है कि राष्ट्र को पोलियो मुक्त बनाए रखने के लिए वे अपने 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों को आगामी 28 जून को अपने नजदीकी पल्स पोलियो बूथ पर अवश्य लेकर आएं। दो बूंद जिंदगी की खुराक पिलवाकर उन्हें पूरी तरह प्रतिरक्षित करें।