अजमेर। अजमेर के पोराणिक और ऐतिहासिक इतिहास को समझकर यहां मौजूद धरोहरों को अपने पुराने स्वरूप को वापस लोटाने और संवर्धन करने के लिये सोमवार को सेप्ट यूनिवर्सिटी अहमदाबाद, मिनिस्टरी ऑफ अरबन डवलपमेन्ट, मिनिस्टरी ऑफ हाऊसिंग इन पावर्टी और मिनिस्टरी ऑफ कल्चर की इम्पलिमेन्टेंशन ऐजेंसी से आये दल ने संग्रहालय अधीक्षक सैयद आजम हुसैन के साथ अकबर के किले से लेकर देहली गेट तक की धरोहरों का मुआयना किया और उनके फोटोग्राफ लेकर चिन्हित किया ताकि आने वाले वक्त में इन हेरीटेज को वापस उनका पुराना स्वरूप लौटाया जा सके।ऐतिहासिक धरोहरों का मुआयना किया
अजमेर। अजमेर के पोराणिक और ऐतिहासिक इतिहास को समझकर यहां मौजूद धरोहरों को अपने पुराने स्वरूप को वापस लोटाने और संवर्धन करने के लिये सोमवार को सेप्ट यूनिवर्सिटी अहमदाबाद, मिनिस्टरी ऑफ अरबन डवलपमेन्ट, मिनिस्टरी ऑफ हाऊसिंग इन पावर्टी और मिनिस्टरी ऑफ कल्चर की इम्पलिमेन्टेंशन ऐजेंसी से आये दल ने संग्रहालय अधीक्षक सैयद आजम हुसैन के साथ अकबर के किले से लेकर देहली गेट तक की धरोहरों का मुआयना किया और उनके फोटोग्राफ लेकर चिन्हित किया ताकि आने वाले वक्त में इन हेरीटेज को वापस उनका पुराना स्वरूप लौटाया जा सके।