सूफी संत ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिष्ती की दरगाह के जाने माने वरिश्ठ खादिम जनाब सैयद गनी गुरदेजी सर्वधर्म सद्भाव के प्रतीक हैं। हर साल चेटीचंड के अवसर पर दरगाह षरीफ के बाहर सिंधी समाज के जुलूस का स्वागत करते हैं। हिंदुओं के त्यौहार हिंदू भाइयों के साथ उत्साह से बनाते हैं। इस बार भी रक्षा बंधन के मौके पर उन्होंने अपनी हिंदू बहिन के हाथों राखी बंधवाई।