केकड़ी 11 मई(पवन राठी)
क्षेत्रीय विधायक व राज्य के चिकित्सा मंत्री डॉ रघु शर्मा का ड्रीम प्रोजेक्ट केकड़ी का जिला अस्पताल चिकित्सा क्षेत्र में नित नई बेहतर व अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध करा रहा है। इसी कड़ी में आज केकड़ी के जिला अस्पताल में सीटी स्कैन मशीन का शुभारंभ किया गया। करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत की इस सीटी स्कैन मशीन का लाभ अब केकड़ी क्षेत्र के लोगों को मिल सकेगा। क्षेत्र के लोगों को अब सीटी स्कैन के लिए बाहर जाकर हजारों रुपये वहन नहीं करने पड़ेंगे। आज एसडीएम सुरेंद्र सिंह राजपुरोहित व तहसीलदार राहुल पारीक की मौजूदगी में पूजा अर्चना कर सीटी स्कैन मशीन का विधिवत शुभारंभ किया गया। बताया गया है कि केकड़ी अस्पताल में स्थापित यह सीटी स्कैन मशीन अत्याधुनिक है तथा अजमेर के जेएलएन अस्पताल से भी बेहतर है जिसके परिणाम बहुत अच्छे हैं। अस्पताल प्रभारी डॉ नेमीचंद जैन ने बताया कि आज सीटी स्कैन मशीन का शुभारंभ कर दिया गया है। अब रोजाना प्रातः 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक मरीजों की सीटी स्कैन की जा सकेगी। उन्होंने बताया कि रोजाना करीब 10-12 मरीजों की सीटी स्कैन की जा सकेगी। सीटी स्कैन की रिपोर्ट भी 2-3 घण्टे बाद ही उपलब्ध कराई जा सकेगी। साथ ही एक जानकारी में उन्होंने बताया कि बीपीएल व पात्र मरीजों के लिए यह सुविधा निःशुल्क है इनके अलावा आम मरीजों को सीटी स्कैन के लिए नियमानुसार निर्धारित शुल्क 1500 रु देना होगा। विशेषज्ञों के अनुसार सीटी स्कैन या कंप्यूटराइज्ड टोमोग्राफी एक्स-रे का एक रूप होता है, जिसे कम्यूटराइज एक्सीयल टोमोग्राफी भी कहा जाता है। यह शरीर के अंगो के चित्र को दिखाता है। अधिकतर सीटी स्कैन शरीर के विभिन्न अंगों से जुड़ी बीमारियों के लक्षणों का पता लगाने के लिए किया जाता है। कंप्यूटराइज्ड टोमोग्राफी स्कैन (सीटी या कैट स्कैन) कंप्यूटर और एक्स-रे मशीनों को शरीर के क्रॉस-सेक्शनल चित्र बनाने के लिए उपयोग करता है। ये चित्र सामान्य एक्स-रे पिक्चर्स की तुलना में अधिक अच्छे तरीके से जानकारी प्रदान करती हैं। ये शरीर के विभिन्न भागों में नरम ऊतकों, रक्त वाहिकाओं और हड्डियों को दिखा सकते हैं। सीटी स्कैन का उपयोग शरीर के कई भागों की अंदरूनी तसवीरें निकालने के लिए किया जाता है। इसमें सिर, कंधों, रीढ़ की हड्डी, दिल, पेट, घुटना, छाती आदि शामिल हैं। सीटी स्कैन के दौरान, आपको सुरंग जैसी एक मशीन में लेटाया जाता है। इसके बाद मशीन के अंदर के भाग घुमते हैं और विभिन्न एंगल्स से चित्र ली जाती है। ये चित्र एक कंप्यूटर पर भेजे जाते हैं, जहां शरीर के एक विशेष क्षेत्र की 3-डी पिक्चर्स को बनाने के लिए उन्हें एकत्रित किया जा सकता है। सीटी स्कैन के कई उपयोग होते हैं, लेकिन यह बीमारियों के निदान और चोटों का मूल्यांकन करने के लिए विशेष रूप से बहुत ही अच्छा होता है। इसकी इमेजिंग तकनीक बीमारी को खोजने में डॉक्टर की मदद कर सकती है। यह टेस्ट करवाने में बहुत कम समय लगता हैं। इसको करने में किसी भी तरह से शरीर को छेदा नहीं जाता। सीटी स्कैन एक बहुत ही सामान्य प्रक्रिया है। तो आइये जानते हैं कि सीटी स्कैन की प्रक्रिया दौरान क्या होता है। यदि आपको पेट या नितम्ब का स्कैन कराना है तो तरल डाई पीने को कहा जा सकता है। आप पेय का पहला भाग जांच के लिए पहुंचने पर तुरंत पिएंगे। उसके 30 मिनट बाद थोड़ा सा और बाकी एक घंटे बाद, जांच से पहले पिएंगे। डाई आपको हाथ या कूल्हों में इंजेक्शन द्वारा भी दी जा सकती है। आपको जांच के दौरान हॉस्पिटल गाउन पहनना होगा और मेज पर लेटना होगा। आपकी बाजू की नस में एक डाई डालकर सुई लगाई जाती है। आपको कुछ समय के लिए उत्तेजना या गर्मी महसूस हो सकती है। स्कैन के दौरान बिना हिले डुले लेटे रहें। स्कैन करते समय आपको कई बार सांस रोकने के लिए भी कहा जा सकता है। हर स्कैन के बाद मेज थोड़ी सी सरकती है। सीटी स्कैन एक टेस्ट है जिससे कई प्रकार की बीमारियों के बारे में पता चलता है। लेकिन इसके कुछ दुष्प्रभाव भी हो सकते हैं। तो आइये जानते हैं इनके बारे में सीटी स्कैन से जुड़े जोखिम बहुत कम हैं। हाँ लेकिन सीटी स्कैन से, एक्स-रे की तुलना में आप अधिक रेडिएशन के संपर्क में आते हैं। रेडिएशन के कारण कैंसर का खतरा बहुत कम होता है यदि आप केवल एक ही स्कैन करवाते हैं। कुछ लोगों को कंट्रास्ट डाई से एलर्जी हो सकती है। अधिकांश कंट्रास्ट सामग्री में आयोडीन होता है, इसलिए यदि आपको पहले से आयोडीन से एलर्जी रही है तो अपने डॉक्टर को बताएं। यदि आपको आयोडीन से एलर्जी हो, तो आपके डॉक्टर, आपको एलर्जी की दवा या स्टेरॉयड दे सकते हैं। यदि महिला गर्भवती हैं या आपको लगता हैं कि इसकी संभावना है तो टेस्ट से पहले अपने डॉक्टर को बताएं। इस जांच के लिये समय से जाएँ क्योंकि इसमें 15-20 मिनट का समय लगता है। यदि आपको पेट या पेल्विक का स्कैन कराना है तो तरल डाई पीने के लिए आपको 2 घंटे अधिक रहना होगा। अगर सीटी स्कैन करवाने के बाद आपको अपने शरीर में कोई असामान्य लक्षण दिख रहे हैं तो डॉक्टर से बात करें।
इस मशीन की सुविधा उपलब्ध हो जाने से केकड़ी सहित आस पास के क्षेत्रो की जनता लाभान्वित हो सकेगी।