उर्वरक आपूर्ति, वितरण एवं निगरानी को लेकर जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित

उर्वरक आपूर्तिवितरण एवं निगरानी को लेकर जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित

जिला कलक्टर ने मांग के अनुरूप आपूर्ति एवं संतुलित उपयोग के दिए निर्देश

जमाखोरी-कालाबाजारी पर होगी सख्त कार्यवाही

अजमेर, 30 मार्च। खरीफ-2026 के लिए जिले में उर्वरकों की सुचारू उपलब्धतापारदर्शी वितरण एवं प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला कलक्टर श्री लोक बंधु की अध्यक्षता में सोमवार को जिला स्तरीय फर्टिलाइजर डिस्ट्रीब्यूशन रेगुलेटरी टॉस्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला कलक्टर ने निर्देश दिए कि जिले में उर्वरकों की मांग का वैज्ञानिक आकलन कर समय पर राज्य स्तर पर प्रेषित किया जाए। इससे किसानों को आवश्यकता के अनुरूप समय पर उर्वरक उपलब्ध हो सकेंगे।

बैठक में जिला कलक्टर ने कहा कि राज्य स्तर से निर्धारित मात्रा के अनुरूप उर्वरकों की सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित कंपनियों के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित किया जाए तथा अंतिम छोर तक आपूर्ति की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। जिले में आगामी खरीफ की बुवाई के दौरान ट्रेंड के अनुसार उर्वरकों की उपलब्धता बनाए रखने एवं संभावित अधिक मांग वाले क्षेत्रों का पूर्व चिह्निकरण कर अग्रिम सूचना राज्य स्तर पर भेजने के निर्देश दिए।

उन्होंने उर्वरकों के वितरण में पारदर्शिता एवं समानता बनाए रखने के लिए ग्राम सेवा सहकारी समितियों के माध्यम से उचित वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पीओएस मशीन पर उपलब्ध स्टॉक का भौतिक सत्यापन नियमित रूप से करने तथा आईएफएमएस पोर्टल के माध्यम से बार-बार एवं अधिक मात्रा में यूरिया क्रय करने वाले कृषकों की निगरानी कर आवश्यक कार्यवाही करने को कहा गया।

उन्होंने जिले में उर्वरकों की जमाखोरी एवं कालाबाजारी पर सख्त अंकुश लगाने के लिए उर्वरक निरीक्षकों के माध्यम से नियमित मॉनिटरिंगऔचक निरीक्षण एवं प्रभावी सूचना तंत्र विकसित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही अन्य जिलों में उर्वरकों के अवैध परिगमन को रोकने तथा पीक सीजन में विशेष निगरानी रखने को कहा। उर्वरक नियंत्रण आदेश एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत सख्त कार्यवाही सुनिश्चित करने को भी निर्देशित किया।

 बैठक में जिला कृषि कार्यालय में उर्वरक प्रबंधन एवं निगरानी के लिए कंट्रोल रूम स्थापित करने तथा प्राप्त शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिए गए। कंट्रोल रूम की जानकारी सोशल मीडियासमाचार पत्रों एवं व्हाट्सएप आदि माध्यमों से व्यापक रूप से प्रचारित करने तरा सोशल मीडिया पर भ्रमित करने वाली सूचनाओं पर नजर रखने को भी कहा।

 कृषि क्षेत्र में टिकाऊ एवं पर्यावरण अनुकूल खेती को बढ़ावा देने के लिए रासायनिक उर्वरकों के संतुलित उपयोगमृदा स्वास्थ्य परीक्षण के आधार पर उर्वरकों की मात्रा निर्धारण तथा नीम कोटेड यूरिया के कृषि उपयोग को सुनिश्चित करने को भी निर्देशित किया। साथ ही प्राकृतिक खेतीजैविक खेतीहरी खादएनपीके एवं एसएसपी उर्वरकों के उपयोग को प्रोत्साहित करने के लिए किसानों में जागरूकता बढ़ाने के लिए गोष्ठियांरात्रि चौपालप्रशिक्षण एवं कार्यशालाएं आयोजित करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रामप्रकाशअतिरिक्त जिला कलक्टर श्रीमती वंदना खोरवालअतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हिमांशु जांगिड़कृषि विभाग की संयुक्त निदेशक श्रीमती उषा चिताराश्रीमती अनुपमाइफ्को के मुख्य क्षेत्रीय प्रबन्धक श्री निर्भय चौधरीअजमेर केन्द्रीय सहकारी बैंक के प्रबन्ध निदेशक श्री हरिश सिवासियाचम्बल फर्टीलाईजर के श्री जीतराम गुर्जरजिला आदान संघ के अध्यक्ष श्री कृष्ण गोपाल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं उर्वरक डीलर उपस्थित रहे।

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