शास्त्रीपुरम चौराहे पर वीरांगना अवंतीबाई लोधी की भव्य प्रतिमा लगाने और नामकरण की मांग
आगरा। अखिल भारतीय लोधी राजपूत टेलीफोन डायरेक्टरी की ओर से दहतोरा में वीरांगना महारानी अवंतीबाई लोधी की 195वीं जयंती श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने वीरांगना अवंतीबाई लोधी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनके शौर्य, त्याग और बलिदान को नमन किया।
इस अवसर पर डॉ. ब्रह्मानंद राजपूत ने कहा कि वीरांगना अवंतीबाई लोधी ने 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ अदम्य साहस के साथ संघर्ष किया और मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उनका जीवन देशभक्ति, स्वाभिमान, त्याग और नारी शक्ति का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को वीरांगना अवंतीबाई लोधी के जीवन और संघर्ष से प्रेरणा लेकर राष्ट्र एवं समाज के हित में कार्य करना चाहिए।
डॉ. ब्रह्मानंद राजपूत ने प्रशासन से शास्त्रीपुरम चौराहे पर वीरांगना महारानी अवंतीबाई लोधी की भव्य प्रतिमा स्थापित कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोग शास्त्रीपुरम चौराहे को लंबे समय से वीरांगना महारानी अवंतीबाई लोधी चैराहे के नाम से जानते हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से अभी तक चौराहे को आधिकारिक रूप से यह दर्जा नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि जनता की भावनाओं को देखते हुए प्रशासन को शास्त्रीपुरम चैराहे का विधिवत नामकरण वीरांगना महारानी अवंतीबाई लोधी चौराहे करने के साथ वहां उनकी भव्य प्रतिमा स्थापित कराने की दिशा में जल्द कार्रवाई करनी चाहिए। इससे वीरांगना के शौर्य और बलिदान को सम्मान मिलेगा तथा आने वाली पीढ़ियों को उनके गौरवशाली इतिहास से प्रेरणा मिलेगी।
कार्यक्रम में मानसिंह राजपूत एडवोकेट, अरब सिंह बॉस, हरप्रसाद एडवोकेट, विष्णु राजपूत, संजीव राजपूत, उदल सिंह लोधी, नरेश राजपूत, राकेश लोधी, नीतेश राजपूत, पवन राजपूत, मुकेश राजपूत, धर्मेंद्र राजपूत, श्याम राजपूत एवं नवल सिंह सहित समाज के अन्य गणमान्य लोग एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे। सभी ने वीरांगना अवंतीबाई लोधी के आदर्शों पर चलने तथा उनके गौरवशाली इतिहास को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया।