पशुपालक अर्थ व्यवस्था की मुख्य धुरी-जल संसाधन मंत्री


अजमेर। जल संसाधन एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री प्रो. सांवरलाल जाट ने कहा है कि पशुपालक राज्य की अर्थ व्यवस्था की मुख्य धुरी है और इसलिए पशुपालकों को अपने व्यवसाय का और विस्तार कर उसमें शुद्घता लाना चाहिए। उन्होंने कहा कि डेयरी व्यवसाय पशु पालकों से ही तेजी से आगे बढ़ रहा है।
प्रो. जाट आज अजमेर के जवाहर रंगमंच पर अजमेर जिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के खुले अधिवेशन को सम्बोधित कर रहे थे। इससे पूर्व डेयरी की 24 वीं वार्षिक आम सभा का आयोजन हुआ जिसमें 2015-16 के 536 करोड़ रूपये के वार्षिक बजट का अनुमोदन किया गया।
जल संसाधन मंत्री ने कहा कि वे स्वयं डेयरी व्यवसाय से जुड़े रहे हंै उन्होंने ने भी गुजरात जाकर डेयरी के संबंध में प्रशिक्षण प्राप्त किया है इसलिए उन्हें पशुपालकों व डेयरी के व्यवसाय की अहमियत की जानकारी है। प्रारम्भ में यह व्यवसाय धीरे-धीरे चला और आज इसने जो रफ्तार पकड़ी है व डेयरी आंदोलन का रूप ले चुकी है। लाखों की तादाद में दुग्ध व पशु पालक इससे जुड़कर अपनी आजीविका व अच्छे तरीके से अपनी घर-गृहस्थी भी चला रहे हंै।
उन्होंने अजमेर डेयरी के विकास की चर्चा करते हुए अध्यक्ष रामचन्द्र चौधरी को इसके लिए बधाई दी और कहा कि इनके सार्थक प्रयासों से अजमेर डेयरी ने अपना वचस्र्व कायम किया है। उन्होंने प्रति वर्ष खुला अधिवेशन आयोजित कर पशुपालकों को एकत्रित करने के प्रयासों की सराहना की।
जल संसाधन मंत्री ने डेयरी से जुडे दुग्ध उत्पादकों से अनुरोध किया कि वे बढिय़ा किस्म का दुध डेयरी को दें और पूरी राशि प्राप्त करें। इससे डेयरी की भी प्रतिष्ठा बढ़ती है।
अजमेर डेयरी के अध्यक्ष श्री रामचन्द्र चौधरी ने इस मौके पर जल संसाधन मंत्री सहित राज्य की अन्य डेयरी के यहां मौजूद अध्यक्षों को स्वागत किया और दुग्ध उपात्दकों से अनुरोध किया कि वे अपनी अच्छी क्वालिटी का दूध डेयरी को देकर पूरा मूल्य प्राप्त करें। उन्होंने कहाकि डेयरी अपनी आमदनी की 95 प्रतिशत की राशि दुग्ध उत्पादकों को ही दे रही है।
खुले अधिवेशन को आर.सी.डी. एफ. के अध्यक्ष सहित जोधपुर व बाडमेर के अध्यक्षों ने भी सम्बोधित किया। अजमेर डेयरी के प्रबंध निदेशक श्री गुलाब भाटिया ने वार्षिक आम सभा में आगामी वर्ष का बजट प्रस्तुत किया जिसका अनुमोदन आम सभा के सदस्यों ने किया। अजमेर दक्षिण की विधायक श्रीमती अनिता भदेल ने भी खुले अधिवेशन में आकर पशुपालकों से बातचीत की। डेयरी अध्यक्ष श्री चौधरी ने उनका स्वागत किया तथा सभी अतिथियों को उपहार भेंट किये।