गौशालाओं में रखे जाएंगे बेसहारा पशु
गौशालाओं की बैठक सम्पन्न
गौशालाओं को एक करोड़ 19 लाख का अनुदान स्वीकृत

जिला कलक्टर ने कहा कि गौशालाओं की जमीनों पर काबिज अतिक्रमियों को प्रशासन द्वारा पुलिस के सहयोग से हटाया जाएगा। तहसीलदारों द्वारा गौशालाओं से जुड़े मुददों पर संवेदनशीलता के साथ कार्य किया जाएगा। जिले के चरागाहों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए प्रयास किए जाएंगे। राज्य सरकार द्वारा एक अक्टूबर से 31 दिसम्बर तक चलाए जा रहे विशेष अभियान के अन्तर्गत अतिक्रमण तथा रास्तों के प्रकरणों का निपटारा किया जाएगा। श्री पुष्कर आदि गौशाला की भूमि की पैमाइश कर सीमा ज्ञान करवाने तथा अतिक्रमण हटाने के लिए निर्देश प्रदान किए।
होगा चरागाहों का विकास
पशुओं को चारा उपलब्ध करवाने के लिए गौशालाओं तथा ग्राम पंचायत के आपसी समन्वय से चरागाह विकसित किए जाने के प्रयास किए जाएंगे। इस नवाचार के अन्तर्गत ग्राम पंचायत गौशाला संस्था को चरागाह का उपयोग करने के लिए अनापत्ति जारी करेगी। भूमि का स्वामित्व तथा किस्म में किसी प्रकार का कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। गौशाला द्वारा उस क्षेत्रा में पशुओं के लिए चरागाह विकसित किया जाएगा। जिसका उपयोग गायों के लिए किया जा सकेगा।
बैठक में शहर में घूमने वाले बेसहारा पशुओं को गौशाला द्वारा रखने तथा सेवा करने के लिए सहमति व्यक्त की गई। गौशालाओं के संचालकों एवं प्रतिनिधियों ने शहर में घूमने वाले बेसहारा पशुओं की दयनीय स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्हें अपने यहां संरक्षण देने की सहमति जतायी। नगर निगम द्वारा इन पशुओं की धरपकड़ करके इन्हें जिले की विभिन्न गौशालाओ में रखा जाएगा। इससे शहर को बेसहारा जानवरों के दबाव से निजात मिलेगी साथ ही पशुओं को भी चारे पानी की व्यवस्था सुनिश्चित हो पाएगी। गौशालाओं के प्रतिनिधियों ने नियमानुसार भूमि आवंटित करने तथा बीसलपुर के पानी का कनेक्शन गौशालाओं में करवाने के लिए मांग रखी।
एक करोड़ 19 लाख का अनुदान स्वीकृत
उन्होंने कहा कि गौशाला द्वारा 30 जून तक प्राप्त प्रस्ताव के आधार पर राज्य सरकार द्वारा अनुदान स्वीकृत किया गया है। जून माह के पश्चात प्राप्त प्रस्ताव को जिला प्रशासन द्वारा राज्य सरकार के पास स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा। जिले की गौशालाओं को विभिन्न समयावधि के लिए एक करोड़ 19 लाख 47 हजार 705 रूपयों का अनुदान स्वीकृत किया गया। जिले के अभावग्रस्त घोषित ग्रामों में स्थित 12 गौशालाओं को 80 लाख 15 हजार 887 रूपयों का अनुदान स्वीकृत हुआ। इससे श्री दिगम्बर जैन ज्ञानोदय तीर्थ क्षेत्रा गौशाला नारेली को 16 लाख 41 हजार 80, श्री गोपाल कृष्ण गौशाला बोराज फाॅयसागर रोड को 5 लाख 40 हजार 802, श्री नृसिंह गोपाल गौशाला अरड़का को 10 लाख 62 हजार 600, श्री पुष्कर गौआदि पशुशाला लोहागल को 3 लाख 19 हजार 653, श्री सांवरिया सेठ गौशाला बांदनवाड़ा को 2 लाख 26 हजार 800, श्री देवनारायण गौशाला ब्यावरखास को 8 लाख 65 हजार 200, श्री झूमी गोविंद गौशाला अधेरी देवरी को एक लाख 69 हजार 400, श्री ज्ञान गंगा गौशाला शेरगढ़ मसूदा को एक लाख 98 हजार 990, श्री पुष्कर आदि गौशाला नासून को 2 लाख 38 हजार 572, श्री राम राज्य गौशाला पीसांगन को 11 लाख 88 हजार 540, श्री गोपाल गौशाला पीसांगन को एक लाख 24 हजार 206 तथा श्री बाड़ी माता गौशाला बाड़ी विजयनगर को 14 लाख 40 हजार 44 रूपयों का अनुदान स्वीकृत हुआ।
इसी प्रकार गैर अभावग्रस्त ग्रामों की 10 गौशालाओ को 39 लाख 31 हजार 818 रूपए अनुदान स्वरूप स्वीकृत किए गए। श्री पुष्कर गौ आदि पशुशाला आनासागर रोड अजमेर को एक लाख 32 हजार 840, श्री आनंनद गोपान गौशाला नागफणी अजमेर को 5 लाख 62 हजार 800, श्री राम गुरू परमार्थ गौशाला ट्रस्ट नांद को 2 लाख 18 हजार 25, गायत्राी गौशाला समिति लेसवा को एक लाख 12 हजार 860, ग्राम विकास एवं गौशाला समिति रामपुरा नांद को 54 हजार 378, श्री हरि गौशाला भाभोलाव अरांई को एक लाख 44 हजार 900, आचार्य विद्याासागर जीव दया गौशाला बुधवाड़ा को 3 लाख 4 हजार 140, श्री जैनिया राणि गौशाला बाजटा को एक लाख 89 हजार 405, श्री केकड़ी गौशाला केकड़ी को 4 लाख 67 हजार 370 तथा श्री तिजारती चैम्बर सर्रापान गौशाला ब्यावर को 17 लाख 45 हजार 100 रूपयों का अनुदान स्वीकृत किया गया।
इस अवसर पर नगर निगम के महापौर श्री धर्मेन्द्र गहलोत, नगर निगम आयुक्त श्री प्रियव्रत पण्ड्या, अतिरिक्त जिला कलक्टर श्री किशोर कुमार, अबु सूफियान चैहान, अरवींद कुमार सेंगवा, पशु पालन विभाग के उपनिदेशक डाॅ. चन्द्र प्रकाश सिंह, विश्व हिन्दू परिषद के गौ सेवा प्रमुख ऋषिराज, गौशाला संचालक लाभचन्द सहित जिले की समस्त गौशालाओं के संचालक एवं प्रतिनिधि उपस्थित थे।