गुरुग्राम, 30 सितंबर, 2026: भारत की प्रमुख एफएमईजी कंपनियों में से एक, वी-गार्ड इंडस्ट्रीज लिमिटेड के निदेशक मंडल ने श्री मिथुन के. चित्तिलापल्ली को 27 सितंबर, 2026 से चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर के रूप में नियुक्त किया है।
श्री मिथुन 2012 से मैनेजिंग डायरेक्टर हैं। चेयरपर्सन और स्वतंत्र निदेशक के रूप में सुश्री राधा उन्नी का दूसरा और अंतिम कार्यकाल पूरा होने के बाद वह चेयरपर्सन की अतिरिक्त जिम्मेदारी संभालेंगे।
श्री मिथुन 2006 में एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के रूप में वी-गार्ड में शामिल हुए थे। उस समय कंपनी का टर्नओवर लगभग 229 करोड़ रुपये था। वित्त वर्ष 2026 में यह 24 गुना बढ़कर 5,966 करोड़ रुपये हो गया है। पिछले दो दशकों में, उन्होंने एक दक्षिण भारतीय इलेक्ट्रिकल ब्रांड को कई कैटेगरी वाली, देश की एक मजबूत और बड़ी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स कंपनी बनाने में मुख्य भूमिका निभाई है।
2006 से अब तक उनकी अगुवाई में कंपनी का भौगोलिक विस्तार हुआ है, पोर्टफोलियो में विविधता आई है और मैन्युफैक्चरिंग का दायरा बढ़ा है। इससे भारतीय कंज्यूमर इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में ब्रांड को काफी मजबूती मिली है।
इसी अवधि में वी-गार्ड के कर्मचारियों की संख्या 2006 में लगभग 575 से बढ़कर अगस्त 2026 तक 11,350 हो गई, जिससे इसके विकास के पैमाने और संगठन में आए बदलाव का पता चलता है।
आज, वी-गार्ड की भारत के 7 राज्यों में 15 मैन्युफैक्चरिंग सुविधाएं हैं और 20 से अधिक कैटेगरी का एक विविध पोर्टफोलियो है, जो एक क्षेत्रीय इलेक्ट्रिकल ब्रांड से एक बड़ी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स कंपनी तक के सफर की झलक देता है।
उनके कार्यकाल में ब्रांड, ग्राहक सेवा, सप्लाई चेन, सेल्स एंड मार्केटिंग, मानव संसाधन और फाइनेंस तक पूरे संगठन का कायापलट भी हुआ है।
बदलाव की इन परियोजनाओं के जरिए, वी-गार्ड लोगों पर निर्भर रहने वाले संगठन से एक प्रोसेस-ओरिएंटेड कंपनी बन गया, जिससे उसके सिस्टम, क्षमताएं और प्रक्रियाएं बेहतर हुईं। कंपनी ने कई राष्ट्रीय और वैश्विक सम्मान भी हासिल किए हैं, जिनमें वर्कप्लेस प्रैक्टिस के लिए पुरस्कार शामिल हैं।
न्यूज़वीक और स्टेटिस्टा ने वी-गार्ड को ‘वर्ल्ड्स मोस्ट ट्रस्टवर्दी कंपनीज़ 2025’ में शामिल किया था, और टाइम पत्रिका ने इसे ‘इंडियाज़ बेस्ट एम्प्लॉयर 2025’ चुना था। वी-गार्ड मिड-साइज़्ड कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी श्रेणी में ‘बेस्ट प्लेस टू वर्क’ के लिए चार बार एम्बीशनबॉक्स एम्प्लॉयी चॉइस अवॉर्ड भी हासिल कर चुकी है।
उत्कृष्ट डिज़ाइन के लिए वी-गार्ड ने पांच रेड डॉट ग्लोबल डिज़ाइन अवॉर्ड्स जीते, जिनसे इनोवेशन और डिज़ाइन पर इसका ध्यान और पुख्ता हुआ। कंपनी ने लगातार पांच वर्षों तक वोल्टेज स्टेबलाइज़र श्रेणी में ‘सुपरब्रांड’ का दर्जा भी हासिल किया है, जो वी-गार्ड ब्रांड पर लोगों के लंबे भरोसे और उसकी ताकत को दिखाता है। कंपनी में नौकरी छोड़ने की दर भी लगातार कम बनी हुई है, जिससे कर्मचारियों के गहरे जुड़ाव और सकारात्मक कार्य संस्कृति का पता चलता है।
अपनी नियुक्ति के बारे में वी-गार्ड इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर श्री मिथुन के. चित्तिलापल्ली ने कहा, “कंपनी की यात्रा के इस निर्णायक मोड़ पर वी-गार्ड इंडस्ट्रीज के चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर की जिम्मेदारी संभालना मेरे लिए सम्मान और सौभाग्य की बात है। पिछले दो दशकों में, मुझे वी-गार्ड को एक क्षेत्रीय ब्रांड से एक मजबूत और बढ़ते हुए देशव्यापी संगठन के रूप में बदलते देखने और अपनी टीम के साथ मिलकर इसमें योगदान देने का मौका मिला है। जैसे-जैसे वी-गार्ड अपनी 50वीं वर्षगांठ की ओर बढ़ रहा है, मैं इस पड़ाव को अपनी मजबूत नींव पर आगे काम करने और संगठन को उसके विकास के अगले चरण के लिए तैयार करने के अवसर के रूप में देखता हूं।”
2006 में एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर से 2012 में मैनेजिंग डायरेक्टर और अब 2026 में चेयरपर्सन और एमडी बनने तक का उनका सफर एक विविधतापूर्ण, देशव्यापी कंपनी के रूप में वी-गार्ड के अपने विकास का आईना है। उन्होंने 27 सितंबर, 2026 को चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर का पदभार ग्रहण किया।