अजमेर। जिला कलक्टर वैभव गालरिया ने कलेक्ट्रेट समिति कक्ष में आयोजित बैठक में अजमेर शहरी क्षेत्र के विकास के लिए चल रही विभिन्न परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए विभिन्न एजेन्सी से जुड़े इंजीनियर व अधिकारियों से कहा कि वे युद्धस्तर पर कार्य करायें जिससे इसका शीघ्र लाभ अजमेर शहर के नागरिकों को मिल सके ।
जिला कलक्टर ने लगभग 6 घंटे की लम्बी बैठक में विभिन्न परियोजनाओं की विस्तार से समीक्षा की और आगामी 15 जून तक एस्केप चैनल की पूरी सफाई करने के निर्देश नगर निगम को दिये और कहा कि वर्षा के आने की संभावना शीघ्र है और आनासागर में पानी भी पर्याप्त है इसलिये एस्केप चैनल की पूरी सफाई समय पर होना आवश्यक है । उन्होंने निकाले गये मलबे को भी तत्काल उठाने के निर्देश दिये ।
गालरिया ने आरयूआईडीपी द्वारा ड़ाली गई सीवरेज लाईन के चार जोन जो खानपुरा स्थित एसटीपी से जुडे हुए हैं, से संबंधित घरों को तत्काल कनेक्शन देने के लिए नगर निगम को कहा और बताया कि इससे नालियों की गंदगी दूर होगी और नागरिकों को अच्छी सेवायें मिलेगी । इस पर निगम के अधिशासी अभियंता अरविंद यादव ने बताया कि चार जोन जिनमें शास्त्री नगर, गुलाबबाड़ी, रामगंज-पहाडगंज तथा गढी क्षेत्र में डाली गई सीवरेज लाईन से घरों को कनेक्शन देने का कार्य अगले माह से प्रारंभ कर दिया जायेगा इसके लिए निगम द्वारा पूरी तैयारी कर ली गई है तथा टेंडर प्रक्रिया जारी है जो आगामी 10 जून तक पूरी हो जायेगी । इन क्षेत्रों में लगभग 8 से 10 हजार घरों को सीवरेज से कनेक्शन दिया जा सकेगा। इसके लिए आवेदन आदि तैयार कर लिये गये हैं ।
जिला कलक्टर ने अजमेर शहर के मुख्य मार्ग स्टेशन रोड़, मार्टिन्डल ब्रिज, कचहरी रोड़, आगरागेट के यातायात दबाव को कम करने व इसे सुव्यवस्थित करने के लिए एलीवेटेड़ रोड परियोजना का विस्तृत प्रारूप तत्काल बनाने के निर्देश नगर सुधार न्यास के अधिशासी अभियंता को दिये । उन्होंने न्यास के ही अतिरिक्त मुख्य अभियंता अरूण मेहता से कहा कि वे अजमेर शहर के विकास की विभिन्न परियोजनाओं जो नगर सुधार न्यास से संबंधित है की साप्ताहिक समीक्षा करें और लगातार मोनिटरिंग भी करें ।
जिला कलक्टर ने दरगाह विकास के लिए मुख्यमंत्राी की बजट घोषणा में स्वीकृत पांच करोड़ रूपये के कार्य कराने के भी प्रस्ताव बनाने को कहा जिसमें दरगाह के संपूर्ण भीतरी भाग को बराबर करने, कायड़ विश्राम स्थली पर ज़ायरीन को ठहराने हेतु आनासागर रोड़ विश्राम स्थली की भांति पक्के शेड बनाने, पार्किंग स्थल तैयार करने, दरगाह के पास ज़ायरीन की सुविधा के लिए सुलभ शौचालय बनाने के प्रस्ताव तैयार करने के लिए न्यास सचिव निशु अग्निहोत्राी से कहा । इसके अतिरिक्त बैठक में सरक्यूलर रोड को चौड़ा करने, श्रीनगर रोड पर एक निजी कम्पनी द्वारा बनाये जा रहे आरओबी की प्रगति व इसकी परिधी में आने वाले अतिक्रमणों को हटाने, मुख्यमंत्राी द्वारा बजट घोषणा में संपर्क सड़क सुभाषनगर व अजमेर डेयरी संपर्क सड़क पर आरओबी बनाने की एजेन्सी राज्य सरकार द्वारा सार्वजनिक निर्माण विभाग को तय करने पर विभाग को इसकी डिजाईन बनाने, पुष्कर में डाली जा रही सीवरेज लाईन निर्धारित स्थलों पर सुलभ शौचालयों का निर्माण कराने, घाटों में लगाई गई लाईटिंग व पत्थर आदि लगाने के कार्य तथा पुष्कर फीडर के शेष कार्यों की प्रगति पर बिन्दुवार चर्चा की और निर्देश दिये कि जिन कार्यों की घोषणा व स्वीकृति हो चुकी है उन्हें तत्काल शुरू कराया जाये । आने वाले समय में चुनाव के फलस्वरूप आचार संहिता लगने से पूर्व कार्यों को प्रारंभ कराया जाना है ।
जिला कलक्टर ने अतिरिक्त कलक्टर शहर श्री जे.के.पुरोहित से दरगाह विकास योजना के कार्यों की तत्काल प्रारूप रिपोर्ट तैयार कराने और एस्केप चैनल का भी विभिन्न अधिकारियों से निरीक्षण कराने को कहा। बैठक में नगर सुधार न्यास, नगर निगम, पर्यटन, पुरातत्व, सार्वजनिक निर्माण, जल संसाधन विभाग के अधिकारी मौजूद थे। –
आरयूआईडीपी का तृतीय चरण स्वीकृत
जिला कलक्टर वैभव गालरिया ने बताया कि राज्य के अजमेर सहित 19 शहरों के लिए राज्य सरकार द्वारा आरयूआईडीपी का तृतीय चरण स्वीकृत किया है जिसके तहत इन शहरों में प्रथम चरण के लिए 18 सौ करोड़ रूपये की राशि स्वीकृत की गई है ।
गालरिया ने कलेक्ट्रेट मंे आयोजित बैठक में आरयूआईडीपी के अधिकारियों व कार्य करने वाली एजेन्सी के प्रतिनिधि के साथ बैठक कर अजमेर शहर के लिए कराये जाने वाले विकास कार्यों पर विस्तार में चर्चा की। इस परियोजना के लिए एशियन विकास (एडीबी) बैंक से ऋण लेकर राशि उपलब्ध कराई जा रही है । अजमेर के साथ बीकानेर, जयपुर, जोधपुर, कोटा, उदयपुर, श्रीगंगानगर, भीलवाड़ा,पाली, टोंक, बांसवाड़ा, हनुमानगढ़, झुंझनू, प्रतापगढ़, डूंगरपुर, जालौर, सिरोही, दौसा एवं माउंट आबू शहर का चयन किया गया है ।
जिला कलक्टर ने इस परियोजना के प्रारंंिभक चरण की बैठक में कराये जाने वाले विकास कार्यों पर चर्चा करते हुए आरयूआईडीपी से डीपीआर (ड्राफ्ट प्लान रिपोर्ट) बनाने को कहा । आरयूआईडीपी के इंजीनियर डी.आर.जांगीड़ ने नगर सुधार न्यास, नगर निगम के सहयोग से शीघ्र डीपीआर बनाने की जानकारी दी ।