जब तारागढ के किलेदार ने जहर खाया
सन 1756 _ 1818 तक अजमेर पर मराठों का अधिकार था। अंग्रेज इस पर अपना अधिकार चाहते थे। इसलिए बापूगढ वाली पहाङ़ी पर दो तोप चढाई गयी। फिर गोले फरसा कर दिल्ली गेट की बाईं दीवार तोङ़ी गयी। अंग्रेजी सेना ने धान मंडी और दरगाह बाजार में प्रवेश किया। विवश मराठों ने संधि की और … Read more