j k gargएक किद्वन्ती के मुताबिक शैतान एक दिन रोता हुआ भगवान के पास गया और रोते हुए बोला ‘प्रभु पृथ्वी के लोग मेरे सेवकों से भयभीत नहीं हो रहे हैं। शैतान की बात सुनकर ईश्वर ने शैतान को एक लडकी “चिंता” दी और बोले यह चिंता रूपी लडकी तुम्हारी इच्छाओं की पूर्ति करेगी | चिंता के शारीरिक प्रभाव अत्याधिक भयावह होते है क्योंकि चिंता से दिल का पल्पिटेशन, मांसपेशियों में कमजोरी,तनाव,थकान,मिचली,सीने में दर्द,पेट में दर्द या सिर दर्द शामिल हो सकते हैं, रक्तचाप और दिल की गति बढ़ जाती है,पसीना बढ़ जाता है,पाचनतंत्र खराब हो जाता है | चिंता में सबसे पहले नींद चली जाती है |