ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय महासचिव राहुल गांधी युवाओं को आगे लाने की बात करते नहीं अघाते लेकिन प्रदेश कांग्रेस के अग्रिम संगठन इसके विपरीत चल रहे हैं। यूथ कांग्रेस के आगामी चुनावों में अध्यक्ष पद के सामने आ रहे अघिकांश दावेदार दबंग माने जा रहे हैं। पदाघिकारियों का कहना है कि यह अवधारणा भी टूटनी चाहिए कि राजनीतिक व पारिवारिक पृष्ठभूमि या धनबल से मजबूत दावेदारों को ही मौका मिलता है।
यूथ कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए अब तक जो नाम सामने आए हैं उनमें सांसद गिरिजा व्यास के भतीजे विनय व्यास, चिकित्सा राज्य मंत्री डॉ राजकुमार शर्मा के भाई एवं वर्तमान में युवक कांग्रेस उपाध्यक्ष राजपाल शर्मा, सहकारिता मंत्री परसादी लाल मीणा के पुत्र कमल मीणा और महासचिव रह चुके रामचन्द्र चौधरी हैं। उम्मीदवार और भी हो सकते हैं लेकिन चुनाव की तारीख करीब आने के बाद उनके नाम सामने आ जाएंगे।
कार्यकारिणी में अशोक चांदना, मोहसिन पठान प्रदेश महासचिव हैं। वहीं एनएसयूआई की पूर्व अध्यक्ष और वर्तमान में युवक कांग्रेस की महासचिव व पीसीसी सदस्य रंजू रामावत भी इस दौड़ में हैं। एनएसयूआई के वर्तमान अध्यक्ष सुमित भगासरा भी इस फिराक में हैं।
