बीकानेर, 1 दिसम्बर। वीर सपूत शहीद मेजर पूरन सिंह वीरचक्र (मरोणोपरांत ) का 52 वां शहादत दिवस गुरुवार को उनकी प्रतिमा सर्किल पर गौरव व सम्मान से मनाया गया। गौरव सेनानी एसोसिएशन, पूर्व सैनिक सेवा परिषद एवं सार्दुल कॉलोनी मोहल्ला विकास समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में स्वर्गीय मेजर पूरन सिंह के देश भक्ति के जज्बें का स्मरण करते हुए पुष्पांजलि-श्रद्धांजलि दी गई।
स्वर्गीय मेजर पूरन सिंह के परिजनों की ओर से शहीद की वंदना व पुष्पांजलि के साथ शुरू हुए कार्यक्रम में सातवीं बटालियन एन.सी.सी. बीकानेर के अधिकारियों, कैडेट ने श्रद्धांजलि दी। कैडेट सुश्री मोहिनी चौधरी ने उपस्थितजनों को ’’स्वच्छ भारत अभियान’’ में भागीदारी की शपथ दिलवाई।
गौरव सैनानी एसोसिएशसन-बीकाणा के अध्यक्ष सेना मेडल प्राप्त कर्नल हेम सिंह शेखावत ने बताया कि कार्यक्रम में बिग्रेडियर जगमाल सिंह राठौड़,बिग्रेडियर एम.एल.वर्मा,कर्नल सुरेन्द्र सिंह राजवीं, कर्नल राजेन्द्र सिंह बीका, कमांडर कानसिंह राजवीं, कर्नल बी.के.मजूमदार,सैनिक कल्याण अधिकारी स्क्रवाड्रन लीडर एल.एन.वर्मा,डॉ.सत्य प्रकाश आचार्य,सुमन जैन,निरंजन सारस्वत, कासिम अली पठान, सार्दुल स्पोर्ट्स स्कूल के पूर्व प्रधानाचार्य श्रवण कुमार पालीवाल, मदन सिंह पून्दलसर, अधिवक्ता धन्नेसिंह, कैप्टन राजेन्द्र पुरोहित, नारी उत्थान समिति की अध्यक्ष श्रीमती सुनीता गौड़,श्री शिवराज सिंह नरूका,नवीन शर्मा,राजेन्द्र सिंह,अमर सिंह मोटासर और इंदू सिंह भाटी व गणेश गुप्ता आदि गणमान्य लोगों ने शहीद मेजर पूर्णसिंह को पुष्पांजलि दी।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता बिग्रेडियर जगमाल सिंह ने 1965 के भारत पाक युद्ध व उसमें अपने शौर्य का जौहर दिखाने वाले जाबांज सिपाहियों व अधिकारियों का स्मरण करते हुए बताया कि 13 ग्रेनिडियर बाड़मेर, जैसलमेर पुल के बोर्डर पर तैनात नहीं होती तो दुश्मन के लिए दिल्ली तक का रास्ता साफ था। मेजर पूरन सिंह एक बहादुर अधिकारी थे, जिन्होंने देश की रक्षा के लिए अपनी न्यौछावर कर दी। श्रीमती सुनीता गौड़ ने कहा कि हमें शहीदों कासम्मान करना चाहिए तथा उनके त्याग से प्रेरणा लेनी चाहिए। कासिम बीकानेरी ने देश भक्ति की कविता व गीत पेश किए।
कार्यक्रम संयोजक कर्नल हेम सिंह शेखावत ने बताया कि गरिमामय व ऐतिहासिक कार्यक्रम में सैक्टर हैड क्वार्टर बी.एस.एफ बीकानेर का पूर्ण सहयोग रहा। बी.एस.एफ.के जवानों ने सेरेमोनियल गार्ड ऑफ ऑनर दिया तथा ऊंटों पर सवार जवानों ने शहीद पूर्ण सिंह को सम्मान दिया।
शेखावत ने समारोह में बताया कि गंगा रिसाला ने भारत-पाक युद्ध में दुश्मन के अििधकारियों व जवानों को मौट के घाट उतार दिया। इस बटालियन को एक वीरचक्र, 2 सेना मेडल, 6 मेंशन इनडिसपेचेज से नवाजा गया। स्वर्गीय पूरन सिंह के पुत्र रणजीत सिंह ने आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभाई।