आज गीता जयंती के अवसर पर विरासत सेवा शोध संस्थान एवं सर्व धर्म मैत्री संघ के संयुक्त तत्वावधान में ब्रम्हाकुमारी केंद्र के सहयोग से धर्म ग्रंथों की एक सुंदर प्रदर्शनी का आयोजन किया गया । इस अवसर पर आयोजित सर्व धर्म प्रार्थना सभा में सभी धर्मों के प्रतिनिधियों द्वारा अपनी-अपनी
प्रार्थना प्रस्तुत की ।
इस अवसर पर विरासत सेवा शोध संस्थान के संस्थापक अध्यक्ष बी एल सामरा नीलम और सर्व धर्म मैत्री संघ के अध्यक्ष प्रकाश जैन पाटनी ने सभी आगंतुक महानुभावों का स्वागत किया और अतिरिक्त जिला कलेक्टर कैलाश चंद्र शर्मा द्वारा धर्म ग्रंथ प्रदर्शनी का उद्घाटन किया गया तथा सभी आगंतुक अतिथियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर इसकी भूरी भूरी प्रशंसा की । इसके पश्चात डॉ राकेश कटारा ने गीता दर्शन पर बड़े सुंदर सारगर्भित तरीके से अपने विचार अभिव्यक्त किए और एडीएम साहब ने भी अपने उद्बोधन में कहा कि श्री कृष्ण महान कर्मयोगी थे ,उन्होंने गीता के श्लोक उद्धृत कर गीता की सार्वभौमिकता रेखांकित करते हुए उसे जीवन में उतारने का आग्रह किया ।
आज का दिन एक विशेष सुखद संयोग का रहा जिसमें आज गीता जयंती के साथ-साथ तुलसी पूजन ,मोक्षएकादशी ,हैप्पी क्रिसमस और पंडित मदन मोहन मालवीय पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई की जयंती भी है , इसके अलावा स्वनाम धन्य सेठ घासी राम जी सामरा की 121 वी जयंती का सुखद प्रसंग भी है ,जो सामरा जी के प्रेरणा स्रोत रहे और मेवाड़ रियासत में कामदार थे । आज के आयोजन में प्रमुख रूप से स्वामी देवेंद्र आनंद स्वामी राधेश्वरानंद जी ब्रम्हाकुमारी आशा बहन ,अतिरिक्त जिला कलेक्टर प्रथम श्री कैलाश चंद्र शर्मा ,डॉक्टर राकेश कटारा पेंशनर समाज के सरदार कश्मीरा सिंह ,सरदार जगजीत सिंह ,शैलेंद्र अग्रवाल, कमल किशोर गर्ग, प्रकाश चंद जैन पाटनी बी एल सामरा ,नमन जैन इत्यादि उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन प्रकाश पाटनी द्वारा किया गया ।उन्होंने अंत में सभी आगंतुक महानुभावों का आभार व्यक्त किया और ब्रम्हाकुमारी केंद्र को विशेष रुप से धन्य धन्यवाद ज्ञापित किया ।