राजस्थान मंत्रालयिक कर्मचारी परिषद के प्रदेष कार्यकारी अध्यक्ष महेन्द्र कुमार तीर्थाणी ने कहा कि बजट में लोक सेवको को आयकर में राहत दी जावें । प्रदेष महामंत्री रणधीर सिंह कच्छावा ने श्रीमान नरेन्द्र जी मोदी माननीय प्रधानमंत्री व श्रीमती निर्मला सीतारमन जी माननीय केन्द्रीय वित्त मंत्री भारत सरकार को पत्र लिख कर लोक सेवको की पीडा को व्यक्त करते हुये बजट मे राहत देने की गुहार लगाई गई है ।
पत्र में कहा गया कि बजट में अराजपत्रित लोक सेवको को आयकर से मुक्त किया जावे व आयकर की सीमा 2.5 लाख से बढा कर 5 लाख की जावे। बढती महगाई के मध्यनजर कोविड-19 के चलते फ्रिज किये गये महगाई भत्ते को नियमित किया जावें ताकि केन्द्र व राज्य के लोक सेवको को महगाई से राहत मिल सके।
राज्य के सभी जिलाध्यक्षो यथा अजमेर के अनिल जैन, ब्यावर के वर्द्धमान जैन, भीलवाडा के सुरेष भण्डिया, नागौर के जय सिंह, जयपुर के कमलेष शर्मा, जोधपुर के अजुर्न राम विष्नाई, पाली के भवानी सिंह, सिरोही के देवाराम, जालोर के प्रदीप माथूर, बाडमेर के मनीष जोषी, बीकानेर के मनोहर लाल आचार्य, उदयपुर के आदित्य पाण्डे, डॅंूगरपुर के पराग पुरोहित कोटा के दुरेन्द्र आकोदिया, बुन्दी के महावीर सिंह, झालावाड के दीपक गुप्ता, बांरा के चन्द्र प्रकाष शर्मा सवाईमाधोपुर के लक्ष्मण मीणा, गंगानगर के मलकित सिंह, भरतपुर के सुनील गोयल, अलवर के त्रिलोक चंद शर्मा सहित सभी जिलो के अध्यक्षो, ने भी लोक सेवको को बजट में राहत प्रदान करने की आषा व्यक्त की है ।