अजमेर, दिनांक 27-05-2022, राजस्थान महिला कल्याण मण्डल, चाचियावास द्वारा अजमेर शहर की 149 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए बच्चों में सामाजिक व भावनात्मक समझ विकसित करने हेतु 4 दिवसीय प्रशिक्षण दिनांक 24 से 27 मई तक सम्पन्न हुआ |
समापन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए श्री रामपाल जाट, अतिरिक्त जिला एंव सत्र न्यायाधीश जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने कहा की आंगनवाडी कार्यकर्ता की बच्चों के सामाजिक एंव मनोवैज्ञानिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका है उन्होंने कहा की इस प्रकार के प्रशिक्षण नियमित होने चाहिए |
प्रशिक्षण में विशिष्ट अतिथि के रूप में विजय कुमार उपनिदेशक महिला एंव बाल विकास विभाग अजमेर, रश्मि हिंगोरानी, विनोद कुमार तंवर वार्ड पार्षद नगर निगम अजमेर, हरीश कुमार चौहान समाज सेवी, नौरत गुर्जर, महासचिव जिला कांग्रेस कमेटी अजमेर, सर्वेश्वर पारीक मनोनीत पार्षद अजमेर, प्रदीप कच्छावा लेखा सहायक डी.आर.एफ. ऑफिस अजमेर, डॉ. मनीष शर्मा सहायक आचार्य जे.एल.एन. मेडिकल कॉलेज अजमेर, ने सहभागिता निभाई |
प्रशिक्षण के बारे में जानकारी देते हुवे संस्था निदेशक श्री कौशिक ने बताया की संस्था दिव्यांगो के शिक्षण – प्रशिक्षण और पुनर्वास के लिए कार्य करते हुए इनके विकास में सहयोगी स्टेक होल्डर्स के प्रशिक्षण भी समय समय पर आयोजित करती है जिसमे दिव्यांगो को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने में आसानी हो | इसी उद्देश्य के साथ दिनांक 24 से 27 मई के बीच आंगनवाड़ी के बच्चों में सामाजिक और भावनात्मक समझ विकसित करने हेतु अलग-अलग समूह में आंगनवाडी कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण आयोजित किये गए |
प्रशिक्षण का उद्देश्य बताते हुवे संस्था मुख्य कार्यकारी क्षमा आर. कौशिक ने बताया की समाज में आए दिन जो आपराधिक गतिविधियां हो रही है इसका कारण है लोगों में सामाजिक और भावनात्मक समझ का कम होना और विशेष रूप से बचपन में ही इनकी समझ विकसित की जा सकती है | आंगनवाडी पर 3 – 6 वर्ष के बच्चें होने के कारण और उनमें ये भावनाए विकसित करने हेतु आंगनवाडी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है ताकि आने वाले समय में उन बच्चों को नई दिशा दी जा सकें |
अतिरिक्त निदेशक तरुण शर्मा ने बताया की प्रत्येक आंगनवाडी कार्यकर्ताओं को थिंक इक्वल द्वारा विकसित 22 क़िताबो का एक किट दिया गया है जिसके सहयोग से कुल 30 सप्ताह में प्रत्येक सप्ताह एक-एक किताब की कहानियों से एक-एक सामाजिक भावना सिखायेंगे | प्रशिक्षण में इन क़िताबो को कैसे उपयोग करना है इसके लिए विपुल कवरिया, भंवर सिंह गौड़, पुखराज माली व राजकुमार सुनारीवाल द्वारा पाठ योजना तैयार कर प्रस्तुतिकरण से सिखाया गया |