जन्मदिवस की सार्थकता के लिए कुलगुरु ने राजस्थान में एकीकृत प्रवेश प्रणाली लागू करने का संकल्प दोहराया
अजमेर, 8 सितंबर 2026। महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय, अजमेर के कुलगुरू प्रो. सुरेश कुमार अग्रवाल का जन्मदिवस विश्वविद्यालय परिवार एवं शहर के गणमान्य नागरिकों की शुभकामनाओं के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी एवं विद्यार्थियों सहित नगर के अनेक गणमान्य नागरिकों ने विश्वविद्यालय पधारकर कुलगुरू महोदय को जन्मदिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
जन्मदिवस के अवसर पर कुलगुरू प्रो. अग्रवाल ने व्यक्तिगत आयोजन के बजाय राजस्थान की उच्च शिक्षा व्यवस्था को अधिक सुगम, पारदर्शी एवं विद्यार्थी-केंद्रित बनाने की दिशा में अपने पूर्व प्रस्तावित संकल्प को दोहराया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा राजस्थान के सभी विश्वविद्यालयों एवं उनसे संबद्ध महाविद्यालयों में एकीकृत प्रवेश प्रणाली (Common Admission System) लागू करने की दिशा में प्रभावी पहल की जाए।
विश्वविद्यालय द्वारा राज्य सरकार को पूर्व में भेजे गए प्रस्ताव में Rajasthan Common Admission Services (RCAS) की स्थापना की परिकल्पना की गई थी। इसके अंतर्गत राजस्थान के सभी उच्च शिक्षण संस्थानों—राज्य के सभी विश्वविद्यालयों तथा उनसे संबद्ध राजकीय एवं निजी महाविद्यालयों—के लिए एक साझा प्रवेश मंच विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया था।
एक पोर्टल से प्रवेश प्रक्रिया में आएगी एकरूपता और पारदर्शिता
कुलगुरू महोदय ने कहा कि एकीकृत प्रवेश व्यवस्था का उद्देश्य विद्यार्थियों के लिए प्रवेश प्रक्रिया को सरल बनाना तथा पूरे प्रदेश में प्रवेश व्यवस्था में एकरूपता और पारदर्शिता स्थापित करना है। विश्वविद्यालय की ओर से राज्य सरकार को भेजे गए स्पष्टीकरण में स्पष्ट किया गया है कि RCAS की अवधारणा केवल SAMARTH जैसे संस्थागत ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म को अपनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका व्यापक उद्देश्य राजस्थान के सभी विश्वविद्यालयों एवं संबद्ध महाविद्यालयों के लिए एकल साझा प्रवेश पोर्टल स्थापित करना है।
उन्होंने राज्य सरकार से अपेक्षा व्यक्त की कि इस प्रस्ताव पर व्यापक दृष्टिकोण से विचार करते हुए ऐसी व्यवस्था विकसित की जाए, जिससे विद्यार्थियों को विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों की अलग-अलग प्रवेश प्रक्रियाओं से राहत मिले और उच्च शिक्षा में प्रवेश अधिक व्यवस्थित एवं सहज हो।
“राजस्थान में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नई क्रांति का सूत्रपात हो”
कुलगुरू प्रो. सुरेश कुमार अग्रवाल ने कहा कि जन्मदिवस की वास्तविक सार्थकता तभी होगी, जब प्रदेश के विद्यार्थियों के हित में कोई स्थायी और उपयोगी पहल आगे बढ़े। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार द्वारा राजस्थान के सभी विश्वविद्यालयों एवं संबद्ध महाविद्यालयों के लिए एकीकृत प्रवेश प्रणाली को अपनाया जाता है, तो यह प्रदेश की उच्च शिक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण परिवर्तन का आधार बन सकती है।
विश्वविद्यालय के प्रस्ताव में यह भी उल्लेख किया गया है कि ऐसी व्यवस्था गुजरात राज्य में सफलतापूर्वक लागू की जा चुकी है। कुलगुरू प्रो अग्रवाल ने राज्य सरकार से अपेक्षा की कि राजस्थान में भी इस दिशा में ठोस कदम उठाकर विश्वविद्यालयी उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक नई क्रांति का सूत्रपात किया जाए।