*अग्नि व हवा के जीवो की विराधना से बचने का प्रयास करें: गुरुदेव श्री प्रियदर्शन मुनि
संघनायक गुरुदेव श्री प्रियदर्शन मुनि जी महारासा ने फरमाया कि व्यक्ति अगर भगवान से प्रार्थना करें कि हे भगवान मुझ में वह शक्ति और सामर्थ्य दे कि मैं पापों से मुक्त बन सकूं तो पापो को घटाने में अवस्य सफल होगा।हम पहले पाप प्राणतिपात की चर्चा कर रहे है ।इसमें तेऊकाय यानी अग्नि और वायुकाय … Read more