दुर्दशा का शिकार तोपदडा स्कूल का खेल मैदान

तरुण अग्रवाल
अजमेर के प्राचीनतम स्कूलो मे शुमार तोपदडा विध्यालय का खेल मैदान इन दिनों अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है.
*स्कूल का खेल मैदान कचरा और मलबा डालने का सुलभ स्थान बन गया है. मैदान मे बड़े बड़े गड्ढे बन गये है जिनमे गंदा पानी दुर्गंध फ़ैलाकर वातावरण प्रदूशित कर रहा है इसमे पनपने वाले कीटाणु जीवाणु स्वास्थ्य के लिये खतरा बने हुए हैं. रात होने के बाद ट्रेक्टर ट्रोली वाले शहर का मलबा मैदान मे खाली कर देते है, मना करने पर झगड़े पर उतारू हो जाते हैं.*

स्कूल और जिला प्रशासन की लापरवाही के चलते खेल मैदान कचरे और मलबे से अटा पडा है. स्कूल प्राचार्य श्री शम्भू सिंह लाम्बा समय समय पर नगर निगम और अन्य सक्षम अधिकारियों को पत्र लिखकर अपने कर्त्तव्य की इतिश्री कर लेते हैं. स्कूल सम्पत्ति की सुरक्षा का दायित्व प्राचार्य का है किन्तु कर्तव्य से बेरुख होते हुए मैदान को लावारिस छोड़ रखा है. नगर निगम मे तो वैसे भी पोपा बाई का राज है. *स्वच्छ भारत और स्वच्छ अजमेर अभियान सिर्फ़ कागजी आंकडो तक सीमित रह गया है.*

मैदान के निकट रहने वाले
क्षेत्रवासी मैदान की दुर्दशा और इसमे पसरी गंदगी से काफ़ी परेशान हैं. आस पास के बच्चे जो इस मैदान मे खेलने आते थे, इस दुर्दशा के कारण उनका खेलना बन्द हो गया है. खेल मैदान होते हुए भी स्कूल के छात्रों को तो यहां कभी खेलते नहीं देखा गया.

शहर के बीचो बीच स्थित सबसे बड़े खेल मैदान को स्टेडियम बनाये जाने की योजना के बारे मे यदा कदा सुनने को मिलता है, दो तीन बार मैदान की पूरी सफ़ाई भी कराई जा चुकी है. पिछले पन्द्रह साल तक प्रदेश के शिक्षा मंत्री के पद पर अजमेर के भाजपा और कांग्रेस के विधायक ही काबिज रहे हैं लेकिन किसी ने भी इसके विकास की सुध नहीं ली. इन्ही *राजनीतिक और प्रशासनिक उपेक्षा का शिकार तोपदडा स्कूल का खेल मैदान अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है जिसे देखने वाला कोई नहीं.*

*तरुण अग्रवाल*
पटेल नगर तोपदडा
अजमेर. 9214960776

Leave a Comment