उत्तर पश्चिम रेलवे के 10 रेलवे स्टेशनो पे रेलटेल ने एडवांस्ड वीडियो निगरानी प्रणाली (वीएसएस) स्‍थापित कर दी है

उत्तर पश्चिम रेलवे के इन 10 स्टेशनो पे 24X7 CCTV निगरानी निर्भया फंड के अंतर्गत स्‍थापित की गयी है
रेलटेल, जो रेल मंत्रालय के अंतर्गत एक मिनी रत्न पीएसयू है, ने उत्तर पश्चिम रेलवे के 10 रेलवे स्टेशनो (अबू रोड , अलवर , फालना , मारवाड़ जं , फुलेरा , पाली मारवाड़, रेवाड़ी, भीलवाड़ा, गाँधीनगर जयपुर, सूरतगढ़ जं) पर उन्नत इंटरनेट प्रोटोकॉल (IP) आधारित वीडियो निगरानी प्रणाली (वीएसएस) स्थापित की है।
रेलवे बोर्ड ने रेलटेल को सभी रेलवे स्टेशनों, प्रीमियम और ईएमयू कोचों पर वीडियो एनालिटिक्स और फेसियल रिकग्निशन प्रणाली के साथ आईपी आधारित वीएसएस उपलब्‍ध कराने का कार्य सौंपा है। रेलटेल ए1, ए, बी, सी, डी और ई श्रेणी के स्टेशनों, प्रीमियम ट्रेनों के कोचों और उपनगरीय ईएमयू कोचों में वीडियो निगरानी प्रणाली उपलब्‍ध करा रहा है।
एक बेहतर कवरेज और स्पष्ट छवि के लिए 4 तरह की Full HD कैमरा – डोम टाइप ( स्टेशन के भीतरी छेत्र के लिए ) , बुलेट टाइप (प्लेटफॉर्म्स के लिए), पैन टिल्ट ज़ूम टाइप ( पार्किंग एरिया के लिए ) और Ultra HD-4K कैमरा ( महत्यपूर्ण क्षेत्र के लिए ) लगाए जा रहे है। शीघ्र ही, इन रेलवे स्टेशन परिसरों में उपलब्ध कराए गए सभी सीसीटीवी कैमरों को ऑप्टिकल फाइबर केबल पर नेटवर्क से जोड़ा जाएगा और सीसीटीवी कैमरों की वीडियो फीड को एक केंद्रीकृत सीसीटीवी नियंत्रण कक्ष में लाया जाएगा जहां वीडियो फीड की निगरानी आरपीएफ कर्मियों द्वारा की जाएगी, इससे यात्रियों की संरक्षा और सुरक्षा में बेहतरीन ढंग से वृद्धि होगी।
वीडियो निगरानी प्रणाली उपलब्‍ध कराने की परियोजना के बारे में बात करते हुए, श्री पुनीत चावला, अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक, रेलटेल, ने कहा, “आज तक हमने भारत में 125 स्टेशनों पर वीडिया निगरानी प्रणाली का कार्य पूरा कर लिया है। वीडियो निगरानी प्रणाली को शीघ्र ही अन्य स्टेशनों और कोचों तक विस्तारित किया जाएगा। महिलाओं के लिए बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निर्भया फंड का उपयोग करके इस कार्य को किया जा रहा है”
स्टेशन पर स्‍थापित किए जाने वाला प्रत्येक HD कैमरा प्रति माह लगभग 1 टीबी डाटा एबं Ultra HD 4k कैमरा 4 टीबी डाटा की खपत करता है। वीडियो की रिकॉर्डिंग, सीसीटीवी कैमरों की फीड को प्लेबैक, पोस्ट इवेंट विश्लेषण और जांच के उद्देश्यों के लिए 30 दिनों के लिए संग्रहीत किया जाएगा। महत्वपूर्ण वीडियो को लंबी अवधि के लिए संग्रहीत किया जा सकता है। इस वीडियो निगरानी प्रणाली से रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों और रेलवे संपत्ति की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की संभावना है।
रेलटेल के बारे में
रेलटेल कॉर्पोरेशन एक “मिनी रत्न (श्रेणी- I)” पीएसयू देश में सबसे बड़ी तटस्थ दूरसंचार सेवा प्रदाताओं में से एक है, जो मौजूदा रेलवे लाइनों के को-टर्मिनस पर ध्यान केंद्रित करने के साथ शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों को कवर करने वाले अखिल भारतीय ऑप्टिक फाइबर नेटवर्क का स्‍वामी है। ऑप्टिक फाइबर के 52000+ मार्गकिलोमीटर के नेटवर्क के साथ, रेलटेल के पास दो टीयर III प्रमाणित डाटा सेंटर भी हैं। देशव्यापी ब्रॉडबैंड टेलीकॉम और मल्टीमीडिया नेटवर्क उपलब्‍ध कराने के साथ, रेलटेल भारतीय रेलों की नेटवर्क प्रणाली के ट्रेन परिचालन और प्रशासन के आधुनिकीकरण में भी लगा हुआ है। रेलटेल का टेलीकॉम क्षेत्र में विभिन्न मिशन-मोड भारत सरकार की परियोजनाओं के कार्यान्वयन के लिए चयन किया गया है। रेलटेल एमपीएलएस वीपीएन, टेलीप्रेजेंस, लीज्ड लाइन, टॉवर को-लोकेशन, डाटा सेंटर सेवाओं आदि जैसी सेवाओं का बंडल ऑफर करता है। रेलटेल प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर सार्वजनिक वाई-फाई मुहैया कराके रेलवे स्टेशनों को डिजिटल हब में बदलने में लगा हुआ है। वर्तमान में 5,550 + स्टेशन रेलटेल के रेलवायर वाई-फाई से सज्जित हैं।

अधिक जानकारी के लिए, कृपया संपर्क करें-
सुचरिता प्रधान
वरिष्‍ठ प्रबंधक/ जनसंपर्क, रेलटेल
+ 91-9717644409
[email protected]

error: Content is protected !!