66 से अधिक डिस्कॉम और ट्रांसमिशन लाइसेंसधारियों के 250 से अधिक लाइनमैन हुए सम्मानित
नई दिल्ली, 9 मार्च, 2026: केंद्रीय विद्युत मंत्रालय के केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए) द्वारा टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड के सहयोगसे नई दिल्ली में ‘लाइनमैन दिवस’ का छठा संस्करण मनाया गया। लाइनमैन दिवस मनाने का उद्देश्य लाइनमैनों और ग्राउंड मेंटेनेंस स्टाफ के अथकसमर्पण और अमूल्य सेवाओं को मान्यता देना है, जिनका योगदान देश भर में बिजली सेवाओं की विश्वसनीय आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए अत्यंतमहत्वपूर्ण है।
इस कार्यक्रम में भारत के विद्युत तथा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा राज्य मंत्री श्रीपद येसो नाइक ने शिरकत की। विद्युत सचिव पंकज अग्रवाल ने मुख्यभाषण दिया और सीईए के अध्यक्ष घनश्याम प्रसाद और सीईए के सदस्यों के साथ बिजली क्षेत्र के वरिष्ठ नेता और गणमान्य हितधारक भी उपस्थितरहे।
पूरे भारत की 66 से अधिक सरकारी और निजी बिजली वितरण एवं उत्पादन कंपनियों के साथ-साथ ट्रांसमिशन लाइसेंसधारियों के लगभग 250लाइनमैनों और पर्यवेक्षकों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया। इस सभा ने प्रतिभागियों के बीच सामूहिक सीखने को बढ़ावा देने के साथ-साथ अनुभवसाझा करने, निर्बाध बिजली आपूर्ति बनाए रखने में परिचालन चुनौतियों पर चर्चा करने और सुरक्षा प्रथाओं पर विचारों का आदान-प्रदान करने के लिएएक मंच प्रदान किया।
कार्यक्रम की शुरुआत सुरक्षा शपथ दिलाने के साथ हुई और प्रतिभागियों ने सुरक्षा प्रथाओं का पालन करने और खुद को, अपने परिवार और समाज कोसुरक्षित रखने के लिए सतर्क रहने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
कार्यक्रम की शुरुआत सुरक्षा शपथ दिलाने के साथ हुई और प्रतिभागियों ने सुरक्षा नियमों का पालन करने और खुद को, अपने परिवार और समाज को सुरक्षित रखने के लिए सतर्क रहने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
सभा को संबोधित करते हुए श्री नाइक ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह के दौरान मनाया जाने वाला लाइनमैन दिवस, बिजली क्षेत्र के उन फ्रंटलाइन कार्यकर्ताओं के समर्पण को मान्यता देता है जो देश भर में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करते हैं। उन्होंने व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरणों के निरंतर उपयोग, रख—रखाव कार्य शुरू करने से पहले शटडाउन की उचित पुष्टि और नियमित क्षमता निर्माण एवं प्रशिक्षण के माध्यम से कार्यस्थल पर सुरक्षा संस्कृति को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने आगे इस बात पर प्रकाश डाला कि स्मार्ट ग्रिड, रियल-टाइम मॉनिटरिंग सिस्टम, एआई-सक्षम प्रेडिक्टिव मेंटेनेंस और ड्रोन-आधारित निरीक्षण जैसी आधुनिक तकनीकों को अपनाने से संभावित दोषों की पहले से पहचान करने और फील्ड कर्मियों के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है। लाइनमैन दिवस के छठे संस्करण के विषय — ‘सेवा, सुरक्षा, स्वाभिमान’ — का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह बिजली क्षेत्र के फ्रंटलाइन कार्यबल की सेवा भावना, सुरक्षा और गरिमा को दर्शाता है।
लाइनमैनों को बिजली क्षेत्र के योद्धा बताते हुए विद्युत सचिव श्री पंकज अग्रवाल ने कहा कि खराब मौसम या प्राकृतिक आपदाओं के दौरान जबलोग घरों के अंदर रहते हैं, तब लाइनमैन बिजली बहाल करने और आपूर्ति की निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए बाहर निकलते हैं। उन्होंने उल्लेखकिया कि क्षेत्र में बढ़ते स्वचालन के बावजूद, जमीन पर तैनात लाइनमैन ही अंततः प्रणालियों को बहाल करते हैं और नेटवर्क को चालू रखते हैं।उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सभी फील्ड कर्मियों को मानकीकृत सुरक्षा किट और उपकरणों से लैस किया जाना चाहिए।
उन्होंने बिजली कंपनियों से सुरक्षा जागरूकता को संस्थागत बनाने का भी आग्रह किया और इसे अनिवार्य बनाने को कहा कि प्रत्येक शिफ्ट कीशुरुआत से पहले दैनिक दिनचर्या के हिस्से के रूप में एक छोटा सुरक्षा वीडियो दिखाया जाए और सुरक्षा ड्रिल आयोजित की जाए।
कार्यक्रम में बोलते हुए सीईए, अध्यक्ष श्री घनश्याम प्रसाद ने इस बात पर प्रकाश डाला कि एक लचीला और भरोसेमंद बिजली क्षेत्र विकसित राष्ट्रका एक प्रमुख स्तंभ है। उन्होंने उन लाइनमैनों के अथक प्रयासों को स्वीकार किया जो निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए चुनौतीपूर्णपरिस्थितियों में काम करते हैं।
उन्होंने उल्लेख किया कि लाइनमैन दिवस अब देश भर की यूटिलिटीज की बढ़ती भागीदारी के साथ एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन बन गया है, जो राष्ट्रनिर्माण में लाइनमैनों द्वारा निभाई जाने वाली महत्वपूर्ण भूमिका की बढ़ती पहचान को दर्शाता है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सम्मान केसाथ-साथ इन फ्रंटलाइन कार्यकर्ताओं के लिए मजबूत सुरक्षा और सशक्तिकरण भी होना चाहिए।
इस पहल के महत्व को रेखांकित करते हुए पर टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड के सीईओ श्री द्विजादास बसाक ने कहा, “‘लाइनमैन दिवस’ हमारे फ्रंटलाइन वॉरियर्स को समर्पित एक खास प्लेटफॉर्म है। यह न सिर्फ उनके अमूल्य योगदान का सम्मान करता है, बल्कि उनकी आवाज को भी बुलंद करता है, उन्हें अपने अनुभव और चुनौतियों को शेयर करने में मदद करता है, और उनकी सुरक्षा और भलाई के लिए हमारी सामूहिक प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है। टाटा पावर-DDL में हमारा दृढ़ विश्वास है कि एक मजबूत विद्युत क्षेत्र की शुरुआत मजबूत और सुरक्षित फ्रंटलाइन वर्कर्स से होती है।”