बाड़मेंर 17 सितम्बर
कच्ची बस्ती प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष भैरूसिह फुलवारिया ने भाजपा प्रदेषाध्यक्ष अषोक परनामी को ज्ञापन प्रेषित कर नगरपरिषद् बाड़मेर के फरमान की कच्ची बस्तियों में पानी, बिजली कनेक्षन के लिए नगरपरिषद् अनापत्ति प्रमाण-पत्र की बाध्यता के नियम से छुटकारा दिलवाने एवं राज्य सरकार के स्तर पर कच्ची बस्ती के लोगो को रिहायत दिलवाने की पोरजोर मांग की।
फुलवारिया ने बताया कि बाड़मेर शहरी क्षैत्र में बसी कच्ची बस्तियों में सबसे दयनीय स्थिति वार्ड संख्या 15 स्थित कच्ची बस्ती जोगियों की दड़ी, संत रविदास कॉलोनी, षिव कॉलोनी रहने वाले परिवारों की है। क्यों कि नगरपरिषद् द्वारा कई बरसों से कच्ची बस्ती वासियों को कोई नियमन या पट्टा जारी नही किया गया है। परिषद् में वर्तमान कांग्रेस बोर्ड ने राज्य सरकार द्वारा मुख्यमंत्री जन कल्याण षिविरों में एक भी कच्ची बस्ती पट्टा जारी नही किया गया है। परिषद् की साधारण सभा में बैठक दिनांक 04 मई 2017 में निर्णय पारित कर पानी बिजली कनेक्षन के लिए नगरपरिषद् द्वारा अनापति प्रमाण-पत्र को अनिवार्य किये जाने से सैकड़ो परिवार आधारभूत सुविधाओं से वंचित हो रहे है। इस समस्या बाबत् नगरपरिषद् प्रषासन व जिला प्रषासन से कई मर्तबा प्रार्थना-पत्र देकर निवेदन किया गया लेकिन गरीबों की आवाज को सुनकर भी अनसुना किया जा रहा है। अनुसूचित जाति जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग व अल्पसंख्यक वर्ग के गरीब तबके के लोगो की आबादी बाहुल्य इन कच्ची बस्तियों में पेयजल लाईन, सड़क व नालियों का कोई आस्तित्व नही है। इन बस्तियों में विकास के अभाव में यहां के वाषिन्दों का जीवन नरकीय हो चुका है। इसलिए पानी बिजली कनेक्षन हेतु नगरपरिषद् के अनापति प्रमाण-पत्र की बाध्यता से छुटकारा दिलवाने एवं राज्य सरकार द्वारा कच्ची बस्तियों के विकास के लिए जरूरी कदम जल्द उठाने की मांग की। जिससे आमजन को राहत मिल सके।
भैरूसिह फुलवारिया
जिलाध्यक्ष
कच्ची बस्ती प्रकोष्ठ, बाड़मेर
9413183704