अजमेर। लॉक डाउन के चलते दरगाह क्षेत्र में फंसे तीन हज़ार जायरीनों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए शहर कांग्रेस ने मुख्यमंत्री एवं उपमुख्यमंत्री से केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने की मांग की है। शहर कांग्रेस ने सरकार से आग्रह किया है कि लगभग 8 राज्यों के इन जायरीन को इनके घरों तक भेजने के लिए सभी राज्यों के मुखियाओं से राज्य सरकार बात करें।
कांग्रेस प्रवक्ता मुजफ्फर भारती के अनुसार शहर कांग्रेस अध्यक्ष विजय जैन ने इस आशय की रिपोर्ट राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत एवं उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट को भेजी है कि प्रदेश में लॉक डाउन लगने और उसके बाद रेल और बस सेवाओं को स्थगित कर देने के कारण तकरीबन तीन हजार ज़ायरीन दरगाह क्षेत्र के विभिन्न होटलों एवं गेस्ट हाउसों में ठहरे हुए हैं अभी तक इन जायरीन के खाने का इंतजाम क्षेत्र के भामाशाह एवं ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष इमरान सिद्दीकी द्वारा किया जा रहा था परंतु आगामी दिनों में रमजान का पवित्र माह प्रारंभ होने वाला है और यह जायरीन अब चाहते हैं कि उन्हें किसी भी तरह सरकार की मदद से उनके घरों पर भेज दिया जाए ताकि पवित्र रमजान के महीने में वह वहां पहुंचकर रोजे रखकर इबादत कर सकें। दरगाह कमेटी इन ज़ायरीनों को अपने गंतव्य तक पहुंचाने के लिए पूर्व में ही प्रधानमंत्री एवं रेल मंत्री से पत्राचार कर चुके हैं ऐसे में मुख्यमंत्री एवं उपमुख्यमंत्री को केंद्र सरकार पर दबाव बनाना चाहिए कि अजमेर में फंसे जायरीनो को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए व्यवस्था की जाए।
कांग्रेस अध्यक्ष ने अपनी रिपोर्ट में उल्लेख किया कि 10 राज्यों के 3075 जायरीन फंसे हुए हैं कुछ दरगाह क्षेत्र की विभिन्न होटलों में तो कुछ गेस्ट हाउस में ठहरे हुए हैं. इनमें से उत्तर प्रदेश के 569, बिहार के 271, पश्चिम बंगाल के 744, महाराष्ट्र के 255, आंध्र प्रदेश के 601, कर्नाटक के 356, गुजरात के 75, दिल्ली के 28 और झारखंड के 77 जायरीन शामिल हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष विजय जैन ने सरकार से मांग की के राज्य सरकार उत्तर प्रदेश बिहार पश्चिम बंगाल महाराष्ट्र आंध्र प्रदेश कर्नाटक गुजरात दिल्ली झारखंड सरकारों से इस बाबत आग्रह करेगी अजमेर में फंसे हुए जायरीन को अपने राज्यों में बुलाने हेतु केंद्र सरकार पर दबाव बनाएं।