महाराणा प्रताप से अकबर की तुलना करने को बताया दुर्भाग्यपूर्ण

प्रो. वासुदेव देवनानी
अजमेर, 18 फरवरी। पूर्व शिक्षा मंत्री व अजमेर उत्तर के विधायक वासुदेव देवनानी ने महाराणा प्रताप व अकबर के बीच हुई लड़ाई को सत्ता संघर्ष बताने संबंधी दिए गए बयान पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंदसिंह डोटासरा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने डोटासरा को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि कांग्रेस केवल तुष्टिकरण की नीति अपनाते हुए अल्पसंख्यकों के वोट बटोरने के लिए शूरवीर महाराणा प्रताप की शौर्यता और बलिदान का अपमान कर रही है।
शुक्रवार को यहां पत्रकारों से बात करते हुए देवनानी ने कहा कि डोटासरा का बयान उनकी कुंठित मानसिकता का द्योतक है। कांग्रेस ने कभी भी वीरों का सम्मान नहीं किया। वह केवल एक ही परिवार को आगे रखने के कारण भारत के सारे शूरवीरों का अपमान करती रही है और अब भी कर रही है। तुष्टिकरण के लालच में कांग्रेस ने हमेशा मातृभूमि के गौरव के संघर्ष को सत्ता का संघर्ष कहकर महाराणा प्रताप के स्वर्णिम इतिहास को कलंकित करने का प्रयास किया है। कांग्रेस का यह कृत्य बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है। इसकी जितनी निंदा की जाए, उतनी कम है।
देवनानी ने कहा कि महाराणा प्रताप ने मातृभूमि की स्वतंत्रता और स्वाभिमान के लिए लड़ाई लड़ी थी। अकबर की ना तो कभी भी महाराणा प्रताप से तुलना की जा सकती है और ही बराबरी की जा सकती है। महाराणा प्रताप के व्यक्तित्व के आगे तो अकबर कुछ भी नहीं था। यही कारण है कि भाजपा शासनकाल में हमने विद्यार्थियों को यह पढ़ाना और बताना शुरू किया कि अकबर महान नहीं था, बल्कि महाराणा प्रताप महान थे। उन्होंने कहा कि ऐसे वीर व पराक्रमी महाराणा प्रताप का अपमान करना किसी भी रूप में उचित नहीं ठहराया जा सकता है। कांग्रेस केवल अल्पसंख्यकों के वोट पाने और तुष्टिकरण की नीति पर चलने के कारण इस प्रकार महाराणा प्रताप का अपमान कर रही है। कांग्रेस और उससे जुड़े नेता यह भूल जाते हैं कि महात्मा गांधी ने गोलमेज सम्मेलन में महाराणा प्रताप की सराहना की थी। उन्होंने कहा कि यदि महाराणा प्रताप के अपमान की कीमत कांग्रेस को जरूर चुकानी पड़ेगी और अगले विधानसभा चुनाव में जनता उसे सत्ता से बाहर कर देगी।
हिजाब पहनने वाले स्कूलों में नहीं, मदरसों में जाएं, यह देश संविधान से चलेगा, शरीयत से नहीं-देवनानी
-हिजाब को लेकर देशभर में अराजकता का वातावरण पैदा करना राष्ट्रविरोधी कृत्य
-कांग्रेस द्वारा हिजाब का समर्थन किए जाने को बताया दुर्भाग्यपूर्ण
-घर-बाजार में चाहे जो पहनो, लेकिन स्कूल-काॅलेज व आॅफिसों में डेªªस कोड ही चलेगा
अजमेर, 18 फरवरी। पूर्व शिक्षा मंत्री व अजमेर उत्तर के विधायक वासुदेव देवनानी ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जिन लोगों को हिजाब पहनना है, वे स्कूलों की बजाय मदरसों में जाएं। यह देश संविधान से चलेगा, ना की शरीयत से। संविधान के अनुसार स्कूल, काॅलेज और आॅफिसों में जो डेªस कोड लागू हो, वही पहनना होगा। हिजाब को लेकर देशभर में जो अराजकता का वातावरण पैदा किया जा रहा है, वह राष्ट्रविरोधी कृत्य है।
देवनानी ने शुक्रवार को अपने निवास पर आयोजित प्रेस काॅन्फे्रंस में कहा कि अल्पसंख्यकों द्वारा कर्नाटक में जिस तरह हिजाब पर एक स्कूल से लेकर देशव्यापी वातावरण बनाया जा रहा है और धरने-प्रदर्शन किए जा रहे हैं, वह सरासर विभाजनकारी व राष्ट्रविरोधी कृत्य है। आजादी के पहले भी ऐसे ही कुछ तत्वों ने इस तरह का प्रयास किया था, जिससे देश का विभाजन हुआ। कर्नाटक से शरू हुई ये लपटे में अब पुरे देश में फेल रहीं है। आज वहीं तत्व, जिनमें मुख्य रूप से इस्लामिक संगठन पीएफआई है, के नेतृत्व में मोदी विरोधी और राष्ट्रविरोधी आंदोलन किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पीएफआई को कोटा में रैली करने की इजाजत देकर हिजाब का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि शिक्षण संस्थानों के कैम्पस उत्कृष्ट शिक्षा के माध्यम बनें, ना कि एक खास पहचान वाले अलगाववादी वेशभूषा के। यह बहुत ही दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण है कि कांग्रेस के विधायक भी हिजाब का समर्थन कर रहे हैं।
देवनानी ने कहा कि मुस्लिम बच्चियों को समान रूप से शिक्षा दी जाए, इसके लिए उनके हाथों में किताबें दिया जाना बहुत जरूरी है। किसी भी शिक्षण संस्थान में शरीयत लागू नहीं हो, क्योंकि भारत में संविधान के अनुसार काम होगा। घर-बाजार में कुछ भी पहना जा सकता है, लेकिन स्कूल, काॅलेज और आॅफिसों में तो डेªस कोड ही लागू होगा। उन्होंने कहा कि हिजाब को लेकर इस प्रकार अशांति फैलाना सामाजिक सौहार्द्र को खत्म करना है। यह बहुत ही निंदनीय और राष्ट्रविरोधी है, जिसकी जितनी निंदा की जाए, कम है।
देवनानी ने अल्पसंख्यकों से अपील की कि वे सामाजिक सौहार्द्र बिगाड़ने वाले और राष्ट्रविरोधी तत्वों से सावधान रहें। राष्ट्र के साथ कदम से कदम मिलाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्र को आगे बढ़ाने के जो कार्य हो रहे हैं, उनको समर्थन दें।

error: Content is protected !!