मेयो कॉलेज में ग्लोबल राउण्ड स्क्वायर कॉन्फ्रेंस

देश-विदेष से 41 विद्यालयों के 353 प्रतिभागी आए
img_20170108_195110033अजमेर, 8 जनवरी।
मेयो कॉलेज एवं मेयो कॉलेज गर्ल्स स्कूल के संयुक्त तत्वावधान में 8 जनवरी से 14 जनवरी तक आयोजित की जा रही ग्लोबल राउण्ड स्क्वायर कॉन्फ्रेंस में भारत व भारत से बाहर के कुल 41 विद्यालयों के 353 डेलिगेट्स ने अपनी उपस्थिति दर्ज की है। कॉन्फ्रेंस में अन्तर्राष्ट्रीय विद्यालयों में चीन से कीस्टोन एकेडमी, कनाडा से एशबरी कॉलेज, केन्या से ब्रुकहाउस स्कूल एवं इंटरनेशनल स्कूल, बांग्लादेश से चित्तागोंग ग्रामर स्कूल, ओमान से इण्डियन स्कूल एट गुबरा, संयुक्त अरब अमीरात से द मिलेनियम स्कूल ने शिरकत की है।
कॉन्फ्रंेस में भाग लेने आए प्रतिभागियों का मेयो कॉलेज व मेयो गर्ल्स के छात्र-छात्राओं ने राजस्थानी वेशभूषा में पारम्परिक रीति से स्वागत किया। प्रतिभागियों ने सर्वप्रथम अपना व अपनी संस्था का कॉन्फ्रंेस के लिए पंजीयन करवाया। सभी प्रतिभागियों के लिए मेयो कॉलेज एवं मेयो गर्ल्स द्वारा उपलब्ध करवाई जा रही सभी सुविधाओं की भी जानकारी उन्हें प्रदान की गई। प्रतिभागियों की विशेष सुविधा के लिए कॉन्फ्रंेस के पूरे समय में हेल्पलाईन सेवा एवं वाई-फाई की सुविधा से परिचित करवाया। कॉन्फ्रंेस आयोजकों ने बताया कि मेयो कॉलेज द्वारा स्थापित यह हेल्पलाईन सेवा कॉन्फ्रंेस में आए प्रतिभागियों के लिए प्रातः 6 बजे से रात 12 बजे तक हरसम्भव आवश्यकता के लिए कार्य करेगा।
देश-विदेश से आए मेहमानों को कॉन्फ्रंेस की सब थीम ’मेयो कॉलेज की सांस्कृतिक विरासत’ के अन्तर्गत मेयो कॉलेज के परिसर की यात्रा करवाई गई जिसे ’हैरिटेज वॉक’ नाम दिया गया। हैरिटेज वॉक के माध्यम से कॉन्फ्रेंस के सभी प्रतिभागियों को मेयो कॉलेज के गौरवपूर्ण इतिहास के बारे में जानकारियाँ दी गईं। मुख्य भवन, क्लॉक टॉवर, झालावाड़ हाऊस, माध्यमिक व उच्च माध्यमिक स्तर के विद्यार्थियों के अजमेर, राजस्थान, जोधपुर, बीकानेर टोंक हाऊस तथा प्राथमिक स्तर के विद्यार्थियों के अजयपाल, दुर्गादास व पृथ्वीराज हाऊस के इतिहास से रूबरू करवाया गया।
आइस ब्रेकिंग सेशन में 4ः30 बजे से 6ः00 बजे तक विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से खेल-खेल में एक दूसरे को एवं उनकी सांस्कृतिक व सामाजिक विशेषताओं के बारे में जाना।
इसके बाद सायं 6 बजे से मेयो कॉलेज के कांगड़ा एम्.पी. थियेटर में मेयो कॉलेज एवं मेयो कॉलेज गर्ल्स के विद्यार्थियों ने सांध्यकालीन सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी, जिसमें कॉन्फ्रंेस के मुख्य विषय ’जल की हर बूंद कीमती है’ (डंापदह म्अमतल क्तवच ब्वनदज) के साथ जल की महत्ता को बताने वाले नृत्य व संगीत की शानदार प्रस्तुतियाँ दी गईं। पूरे कार्यक्रम को जलसंरक्षण व जलसुरक्षा के इर्द-गिर्द बनाया गया। साथ ही भारत की सम्पूर्ण संस्कृति को अत्यन्त ही मनोरम भावों के साथ प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम में राजस्थान की लोक संस्कृति को दर्शाने वाले चरी नृत्य के शानदार प्रदर्शन ने सभी का मन मोह लिया। नेपाल के ’रेशम फिरी’ नेपाली गीत को वाद्य यंत्रों के साथ प्रस्तुत कर नेपाली संस्कृति को दिग्दर्शन कराया। जम्मू की संस्कृति को कत्थक के द्वारा, पूर्वी भारत की संस्कृति को असम के बीहू नृत्य तथा उड़ीसा के ओडिसी नृत्य को जल से जोड़कर प्रस्तुत किया। पश्चिमी भारत की तस्वीर गुजरात के गौफरास में देखने को मिली।
सांस्कृतिक संध्या की मुख्य विशेषता यह रही कि भारत की सांस्कृतिक विरासत का परिचय देने के साथ इसे अन्तर्राष्ट्रीय संस्कृति से भी जोड़ा गया। अमेरिकी ’ब्रेव हार्ट’ गीत, जापान का ’मटसुरि’ गीत के अलावा विविध अंग्रेजी गीतों को वाद्य यंत्रों व नृत्य के साथ प्रस्तुत कर वैश्विक संस्कृति को एक ही मंच पर स्थापित कर समाँ बांध दिया।
सभी प्रतिभागियों ने इस सांस्कृतिक संध्या के कार्यक्रम को सराहा और माना कि मेयो कॉलेज के विज़न, भारतीय संस्कृति व ग्लोबल आउटलुक की विहंगम दृष्टि की झलक कॉन्फ्रेंस के पहले ही दिन इस कार्यक्रम के द्वारा प्राप्त हुई।
कल के कार्यक्रम – प्रातः 6ः30 से 7ः30 बजे तक योग एवं प्रवासी पक्षियों को देखने का कार्यक्रम रहेगा। प्रातः 9ः15 बजे से भग्लोबल राउण्ड स्क्वायर कॉन्फ्रेंस्य का उद्घाटन समारोह होगा जिसके मुख्य अतिथि राउण्ड स्क्वायर के चैयरमेन राड फ्रेज़र व सीईओ रचैल वेस्टबर्ग होंगे। इसके बाद मध्याह्न 12ः00 बजे से प्रथम की-नोट स्पीकर लक्ष्मी
धौल का ’वर्तमान जल समस्याओं व उनके समाधान’ विषय पर व्याख्यान तथा अपराह्न में बराज़ा (चर्चा) सत्र में प्रतिभागियों ने समूहवार जल से संबंधित समस्याओं व समाधानों पर चर्चा की तथा वैश्विक स्तर पर समस्याओं का समाधान निकालने हेतु सामूहिक विचार प्रस्तुत किये जाएंगे।

error: Content is protected !!