अजमेर, 15 सितम्बर। स्थानीय क्षेत्राीय शिक्षण संस्थान में आयोजित राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग की कार्यशाला के समापन सत्रा में बोलते हुए राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष मनन चतुर्वेदी ने कहा कि अभिभावकों को शिक्षा के अधिकार कानून की जानकारी होना अतिआवश्यक है।
मनन चतुर्वेदी ने विभिन्न राज्यों से आये हुए बाल अधिकारों के क्षेत्रा में काम कर रहे विशेषज्ञ टीमों को संबोधित करते हुए कहा कि आयोग के अंतर्गत किये जा रहे कार्यों में मुख्यतः लक्ष्य यही रहा है कि अभीभावकों को अधिक से अधिक ग्रामीण ओर पिछड़े क्षेत्रा में जाकर जागरूक किया जाए। बच्चे को शिक्षा देना और उसके लिए एक शैक्षणिक माहौल तैयार करना आवश्यक है। इससे बच्चों में जागरूकता पैदा होगी। वे अच्छे और बूरे स्पर्श में अन्तर कर प्रतिकार करने की स्थिति में होंगे। बच्चों के साथ पाॅक्सो एक्ट के अन्तर्गत आने वाली घिनौनी हरकते नहीं होनी चाहिए। अभिभावकों को इस परिपेक्ष में बच्चे के विद्यायल ओर टयूट्र को भी अपनी निगाहों में रखने की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि बच्चों के हित में राज्य सरकार और केंद्र सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओ को क्रियान्वयन भी जनकल्याण के लिए किया जा रहा है उनके बारे में भी हमे आम आदमी तक जानकारियां पहुंचाते हुए बच्चों को अधिक से अधिक लाभान्वित करवाया जावें।