कुतिरूप संघ दर्षन पुस्तक माला का विमोचन

अजमेर – डिग्गी बाजार स्थित राश्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कार्यालय मातृमंदिर में बुधवार को कुतिरूप संघ दर्षन पुस्तक माला का विमोचन कार्यक्रम आयोजित किया गया। विभाग सह सम्पर्क प्रमुख निरंजन षर्मा ने बताया कि कृतिरूप संघ दर्षन पुस्तक माला संघ द्वारा समाज के विभिन्न क्षेत्रों में वर्तमान तक किए गए बहुआयामी कार्यो का वर्णन व संघ की कार्यप्रणाली से सुसज्जीत पुस्तके है जिसका विमोचन कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राजस्थान क्षेत्र कार्यकारिणी सदस्य डॉ पुरूशोत्तम परांजपेय व कार्यक्रम के अध्यक्ष बंसत विजयवर्गीय विभाग संघ चालक द्वारा किया गया। पुस्तक माला में 6 पुस्तकों का संकलन है जिसमें राश्ट्रीय एकात्मता, षिक्षा-संस्कार, गो-गा्रम रक्षा, सेवा भाव, अर्थ आयाम व धर्म रक्षा से सम्बंधित पुस्तके षामिल है। जो आज की युवा पीढी के ज्ञानाअर्जन के लिए बहुत उपयोगी है। कुतिरूप संघदर्षन पुस्तके युवाओं को संघ के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध कराएगी।

इस अवसर पर राजस्थान क्षेत्र के कार्यकारिणी सदस्य व कार्यक्रम के मुख्य वक्ता प्रो. पुरूशोत्तम परांजपेय ने अपने सम्बोधन में कहा कि राश्ट्र को फिर से उसके गौरवमय स्वरूप में व्यक्त करने के उद्देष्य से राश्ट्रीयता की भावधारा जनजन के हद्य में प्रवाहित करने के लिए राश्ट्रीय स्वयसेवक संघ के रूप में जो कार्य परमपूजनीय डॉ हेडगेवार ने प्रारंभ किया संघ अपने विभिन्न संगठनों के माध्यम से भारत माता को परम वैभव की ओर ले जाने का प्रयास कर रहा है उन्होने कहा कि संघ के प्रवाह में लाखों लोग जुडे और व्यक्तिषः तथा संस्थागत रूप से उनके द्वारा राश्ट्र निर्माण में विविध प्रयोगो की धारा बह चली जिसने समाज व राश्ट्र के सामने उत्पन्न संकटों तथा प्रष्नों का समाधान किया। मुख्यवक्ता प्रो. पराजपेय ने कहा कि संघ की विभिन्न कार्ययोजना व विचार की जानकारी पुस्तक में उपलब्ध कराई गई है। कि विगत वर्शो में संघ के कार्यो का बहुआयामी विस्तार हुआ है। राष्ट्र जीवन में बहुआयामी सकारात्मक परिवर्तन के अनेक प्रयोग प्रारंभ हुए। अनेक धटनाएं प्रयत्न, प्रयोग उनकी जानकारी आज की पीढी के लिए दिषाबोधक और प्रेरणादायी हो सकती है कार्यक्रम का समापन विभाग संघ चालक बसंत विजयवर्गीय के धन्यवाद के साथ हुआ इस अवसर पर विष्व हिन्दू परिशद, भारतीय सिंधु सभा, स्वदेषी जागरण मंच, विद्या भारती, अधिवक्ता परिशद, ज्ञार भारती व संस्कार भारती आदि संगठनों सहित संघ के अनेक प्रमुख कार्यकर्ता उपस्थित थे।

निरंजन षर्मा
विभाग सह सम्पर्क प्रमुख
मोबाइल न 9828171560 9079216217

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