कालेडा में बाॅयलर प्लाट का किया शुभारम्भ

अजमेर, 03 फरवरी। चिकित्सा तथा स्वास्थ्य, आयुर्वेद एवं भारतीय चिकित्सा, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं, चिकित्सा शिक्षा और सूचना और जन संपर्क मंत्राी डाॅ. रघु शर्मा ने रविवार को कालेड़ा कृष्ण गोपाल आयुर्वेद भवन में बाॅयलर तथा आॅटोमैटिक प्लाट का शुभारम्भ किया।
डाॅ. शर्मा ने कालेड़ा में 88 वर्ष पूर्व स्थापित कृष्ण गोपाल आयुर्वेद भवन धर्मार्थ ट्रस्ट में बाॅयलर का शुभारम्भ किया इससे औषधियों का निर्माण अधिक तेजी से होगा साथ ही स्वचालित प्लाट का शुभारम्भ किया इससे औषधियों का निर्माण परिशुद्धता के साथ कम लागत से हो पाएगा।
डाॅ. रघु शर्मा ने कहा कि राजस्थान मंे आयुर्वेद के विकास की अपार संभावनाएं है । देश में पांच आयुर्वेद विश्वविद्यालयों में से एक जोधपुर मंे स्थापित है। यहां पंचकर्म, रसायन शाला, औषधालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध है। कालेड़ा धर्मार्थ ट्रस्ट के विकास में संसाधनों की कोई कमी नही रहेगी। यहां पूर्व में पीने के पानी विद्यालय, सड़क, आईटी सेन्टर की सुविधा प्रदान की गई है। इसी प्रकार आगे भी सुविधाएं उपलब्ध करवायी जाएगी। अजमेर डेयरी के अध्यक्ष श्री रामचन्द्र चैधरी ने कहा कि अजमेर डेयरी के द्वारा आयुर्वेद भवन को निर्धारित छूट पर घी एवं अन्य सामग्री उपलब्ध करवायी जाती रहेगी।
ट्रस्ट के अध्यक्ष श्री दीनबंधु चैधरी ने कहा कि स्वामी कृष्णानंद एवं ठाकुर श्री नाथूसिंह का सपना आज आॅटोमैटिक प्लाट के शुभारम्भ के साथ ही पूर्ण हो गया। भवन द्वारा शुद्धता एवं सम्पूर्ण घटक द्रव्यों के साथ औषधि निर्माण परम्परा आगे भी जारी रहेगी। पूर्व प्रधानमंत्राी श्री मोरारजी देसाई एवं श्री राजीव गांधी ने भी ट्रस्ट की औषधियों की सराहना की है। यहां 355 प्रकार की शास्त्रोंक्त औषधियां निर्मित की जाती है। साथ ही औषद्यालय, चल चिकित्सालय जैसी गतिविधियां भी संचालित की जा रही है।
समारोह में प्रबन्धक श्री जटाशंकर शर्मा को 31 हजार रूपये का पुरस्कार प्रदान किया गया। इसके साथ ही सचिव श्री मुकेश आनन्द, सलाहकार वी.पी.गुप्ता, व्यवस्थापक श्री नरसिंग राम काला, निर्माण वैद्य जमदग्नि शर्मा, ठाकुर अम्बिका शरण, श्री जगदीश कुड़ी एवं सुरेन्द्र जोशी को सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर ट्रस्ट अध्यक्ष श्री दीनबंधु चैधरी, मैनेजिंग ट्रस्टी श्री श्यामसुन्दर छापरवाल, ट्रस्टी श्री वीरभद्र सिंह, श्री कालीचरण खण्डेलवाल, ठाकुर अम्बिका शरण सिंह उपस्थित थे।

Leave a Comment

error: Content is protected !!