महिला सरपंचो के अधिकारो का जमकर किया जा रहा है शोषण

कागजी खानापूर्ति से व्लेकर पंचायत के सभी कामो में सीधे दखल करते है सरपंच पति ग्रामीण इलाको की महिला जनप्रतिनियो को और भी शसक्त करने के लिए एक और जहाँ राज्य और केंद्र की सरकार पंचायतराज में कई अधिकार और आर्थिक रूप से मजबूती देने का प्रयास कर रही है वही दूसरी और आज भी … Read more

ठाकरे की ठकुरई

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) के प्रमुख राज ठाकरे ने अपने कार्यकर्ताओं से बुधवार को कहा है कि राज्य में जो नए पंजीकृत रिक्शा ग़ैर मराठी चला रहे हैं उन्हें जला दें. ठाकरे के इस बयान पर सभी पार्टियों की तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है. गैर-मराठियों को ऑटो रिक्शा के परमिट मिलने से जुडी राज ठाकरे … Read more

दोस्तों वाकई मेरा भारत महान है

5 साल से यमुना की सफाई करके लाखो टन कचरा निकालने वाले श्री श्री रविशंकर पर एनजीटी ने लगाया 5 करोड़ का जुर्माना जब की गंगा और यमुना जैसी पवित्र नदियो में गन्दगी , मरे हुए जानवरो के अवशेष और हजारो शहरों का मल मूत्र डालने वाले घूम रहे है मजे से ••••• ———————— दोस्तों … Read more

पत्रकारों को कुछ नहीं मिला

मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से इस बजट को लेकर काफी उम्मीद थी कि पत्रकारो के लिए भी पुरानी घोषणाओ को पूरी करने और कुछ नई घोषणा करेंगी। लेकिन पत्रकारों को कुछ नहीं मिला। इससे अब स्पष्ट है कि कुछ लोग है जो मुख्यमंत्री जी को गुमराह कर रहे है। वे सरकार और पत्रकारों के बीच दूरियां … Read more

खतरा तो मीडिया बन रहा है

इस देश को न हिन्दुओं से खतरा है ना मुस्लिमों से। नेताओं से खतरा है ना बाबाओं से। साम्प्रदायिकता से खतरा है ना धर्म निरपेक्षता के पुरोधाओ से। दक्षिणपंथ से खतरा है ना वामपंथ से। पुरस्कार लौटाने वालों से खतरा है ना नारेबाजी करने वालों से । अब देश को सबसे ज्यादा खतरा पथभ्रष्ट, निष्पक्षता … Read more

….तो क्या ‘जेएनयू’ का अकेला ‘कन्हैया’ सब नेताओं पर भारी पड़ रहा है ?

सुप्रसिद्ध अमरीकी मनोवैज्ञानिक और जाने – माने दार्शनिक, ‘एरिक फ्राम’ का मानना है कि, “इंसान अकेला ऐसा प्राणी है, जिसके लिए अपना ही अस्तित्व एक समस्या है और इस समस्या को अभी सुलझाना- बाकी है।” वैसे इनका मानना यह भी है कि, अनिश्चित चीजें भी देती है, कभी कभी अपनी ताकत और क्षमता पहचानने का … Read more

फेयर एंड लवली उर्फ़ VDIS 2016

फेयर एंड लवली, आप सही समझे क्या, नहीं न ? चलो हम ही बता देते हैं यह चेहरा गोरा करने की क्रीम नहीं है ? न ही यह कोई प्यार व्यार करने का कोई फॉर्मूला है ? यह फेयर एंड लवली किसी वैज्ञानिक का ईजाद किया गया फॉर्मूला भी नहीं है ? यह भारत सरकार … Read more

लोकतंत्र या भीड़तंत्र

क्या गुंडागर्दी है नेताओं की रैली के लिए अन्नदाता के खेत उजाड़ दिए जाने का यह कौन सा तरीका है ? लोक तंत्र इसकी इजाजत देता है लेकिन क्यों ? बंद होना चाहिए ये बकवास , एक नेता हेलीकाप्टर पर आता है सुरक्षा कर्मियों के घेरे में उससे कोई बात नहीं कर सकता , नेता … Read more

इतिहास का सच !!

भाई हमें भी भौत दुःख होता है जब हमारे देश के प्रधान जी अपने मन के दुःख को सार्वजानिक रूप में संसद में व्यक्त करते है की ये लोग ( कौन लोग हैं आप जानते है ) हीन भावना से ग्रसित होकर यह सोंचते हैं कि मोदी प्रधान मंत्री कैसे बन गया ? इसी लिए … Read more

क्या माँ भी सौतेली होती है ?

वर्ष 1857 को क्रांति का वर्ष कहा जाता है ! हाँ वास्तव में अलग अलग लड़ते हुये आजादी की कड़ी जद्दो जहद के बावजूद दिल्ली केअंतिम बादशाह बहादुर शाह जफ़र के नेतृत्व में, उत्तर प्रदेस मेरठ से सशस्त्र क्रांति की चिंगारी दिल्ली की सीमा में पहुँच कर समाप्त ही हो गई या अंग्रेजों के द्वारा … Read more

किसका साथ किसका किसका विकास ??? बोल मेरे यार !!!

अभी अधिक दिन नहीहुए है कुल जमा 20 महीने ? जब हमारे हरदिलअजीज प्रिय प्रधान मंत्री ने जनता को आश्वासन दिया था की मैं प्रधान मंत्री नहीं आपका प्रधान सेवक हूँ ? और मेरी सरकार मिनिमम सरकार और मैक्सिमम गवर्नेंस की सरकार होगी केवल जनता की सेवा के लिए मोदी सरकार ? लेकिन 20 माह … Read more

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