
देवनानी ने जारी बयान में कहा कि नवरात्रि से ठीक पहले धारा 144 लगाना और रमजान महीने में मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्रों में बिजली कटौती नहीं करने के विशेष आदेश निकालना इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है। हिन्दुओं के साथ सरकार का भेदभावपूर्ण सौतेला व्यवहार असहनीय है, जो किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेंगे।
देवनानी ने कहा कि कांग्रेस सरकार राज्य में हाथ धोकर हिन्दुओं के पीछे पड़ी है। सरकार का सवा तीन साल से तुष्टीकरण का खेला चरम पर है। बीकानेर में नवरात्रि पर शोभायात्रा एवं कोटा में ‘दा कश्मीर फाइल्स’ फिल्म देखने से रोकने के लिए धारा 144 लगाई जाती है, जबकि महज तीन बाद ही रमजान माह में मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्रों में बिजली कटौती नहीं करने के विशेष आदेश जारी किए जाते हैं। रोजों में अल्पसंख्यक क्षेत्रों में निर्बाध रूप से 24 घण्टे बिजली देने का आदेश तुगलकी और सामाजिक वैमन्स्य बढ़ाने वाला है। ऐसे आदेश उनका मनोबल बढ़ाने वाले हंै। इसी का परिणाम है कि प्रदेश में धार्मिक यात्राओं पर पत्थर फेंकने जैसी घटनाएं घटित होती हंै।
उन्होंने कहा कि बहुत बड़े हिन्दू समाज की अनदेखी कर नवरात्रि के ठीक बाद ही रमजान महीने में सम्पूर्ण मुस्लिम इलाकों के लिए ही बिजली कटौती नहीं करने का आदेश निकालना निश्चित ही हिंदुओं के साथ भेदभाव है। भारत लोकतांत्रिक एवं स्वतंत्र देश है, इसमें कांग्रेस सरकार का इस प्रकार का व्यवहार असहनीय और बर्दाश्त करने योग्य नहीं है। प्रदेश में धार्मिक तुष्टीकरण का परिणाम समय आने पर कांग्रेस को भुगतना होगा।