हां, पिज्जा खाने से रुकी किरपा आ जाती है

निर्मल बाबा की मूल थ्योरी बिलकुल ठीक है अतृप्त इच्छा व अधूरे संकल्प पैदा करते हैं संकट आपको याद होगा कि जीवन की परेशानियों के निराकरण के लिए अजीबो-गरीब उपाय बताने वाले निर्मल बाबा खुद परेशानी में पड़ गए थे। न केवल उनकी तीव्र आलोचना हुई, अपितु उनका मखौल भी खूब उड़ा। यहां तक कि … Read more

जाते हुए को पीछे से आवाज क्यों नहीं दी जाती?

हम सब जानते हैं कि जब भी कोई किसी काम से रवाना होता है तो जाते समय उसको पीछे से आवाज नहीं दिया करते। इसे अपशकुन माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि पीछे से आवाज देने पर उस कार्य के संपन्न होने में संशय उत्पन्न हो जाता है, जिसके लिए वह निकला है। इसके … Read more

कोराना ईश्वर का ही एक रूप है!

कोरोना को साष्टांग प्रणाम। हे भगवान, या खुदा, यह वायरस कितना शक्तिशाली है। इसने आपके सारे धर्म स्थलों, सभी उपासना स्थलों को बंद कर दिया है। लोग पूजा, आराधना, प्रार्थना, अरदास से वंचित हैं। मस्जिदों में सामूहिक नमाज से महरूम हैं। इसने दुनिया की सारी सत्ताओं को हिला कर रख दिया है। बड़ी से बड़ी … Read more

लॉक डाउन में नशे के आदी लोग बेहाल

नशे के विरोधी सभी सुधिजन से क्षमायाचना के साथ प्रस्तुत ये पोस्ट तस्वीर के दूसरे रुख की महज प्रस्तुति है। क्षमायाचना की भी वजह है। जमाना ही ऐसा है कि सच बोलने से पहले उसे बर्दाष्त न कर पाने वालों को नमस्ते करना जरूरी है। वस्तुत: यह सुव्यवस्था की ऐसी विसंगति पर रोशनी डालने कोशिश … Read more

क्या कोरोना से निपटने के लिए सलाहकार समिति की बनाने की जरूरत है?

अजमेर। अगर रेलवे म्यूजियम में रखे गए खानाबदोश लोगों में कोरोना संक्रमण का मसला नहीं होता तो अजमेर जिला भी भीलवाड़ा की तरह एक मॉडल बनने जा रहा था। उसका सारा क्रेडिट जिला कलेक्टर व जिला पुलिस अधीक्षक को मिलता। बेशक उन्होंने जिस तरह से लॉक डाउन को सख्ती से लागू करवाया, उसी का परिणाम … Read more

सांस में छिपे हैं चमत्कारिक प्रयोग

भारतीय सनातन संस्कृति में शिव स्वरोदय एक ऐसा विज्ञान है, जिसका प्रयोग हर आम-ओ-खास कर सकता है, मगर दु:खद पहलु ये है कि इसके बारे में चंद लोगों को ही जानकारी है। हालांकि विस्तार में जाने पर यह बहुत गूढ़ भी है, पूरे ब्रह्मांड का रहस्य इसमें छिपा है, जिसे योगाभ्यास करने वाला ही जान-समझ … Read more

क्या शगुन निर्मित करना कारगर टोटका है?

मेरे एक परिचित जब भी शहर से बाहर जाते हैं अथवा किसी महत्वपूर्ण कार्य के लिए घर से निकलते हैं तो उनकी माता जी घर से बाहर आ कर सिर पर जल से भरा कलश लेकर खड़ी हो जाती हैं। जैसे ही मेरे परिचित अपनी कार स्टार्ट करते हैं तो उनकी माता जी उनके सामने … Read more

कोराना जैसे वायरस से जैविक युद्ध करने का वर्णन मौजूद है पुराणों में

आज जब पूरा विश्व कोराना वायरस की महामारी से त्रस्त है, तो यकायक पूर्व में विद्वानों व वैज्ञानिकों द्वारा अगला विश्व युद्ध जैविक अस्त्रों से होने की भविष्यवाणी का ख्याल आ जाता है। कोरोना के भयंकर प्रकोप के बीच विद्वानों ने तो यह तक खोज निकाला है कि शिव पुराण में कोरोना रक्षा कवचम् का … Read more

सत्यनारायण भगवान की मूल कथा कौन सी है?

हमारे यहां पूर्णिमा के दिन भगवान सत्यनारायण की कथा करने का प्रचलन है। किसी शुभारंभ के मौके पर भी यह कथा करवाई जाती है। इस कथा में पांच अध्याय होते हैं, जिनमें यह वर्णन होता है कि अमुक व्यक्ति ने कथा की तो उसे बहुुत फायदा हुआ और अमुक ने भूल से कथा नहीं की … Read more

कोरोना ने ज्योतिष को भी कर दिया ठप?

वैश्विक महामारी कोराना से जहां पूरा जनजीवन ठप सा हो गया है, मंदिरों में भगवान की पूजा तक नहीं रुक गई है, वहीं ज्योतिषीय राशिफल को भी निष्फल कर दिया है। कहते हैं न कि समय बड़ा बलवान है, यह कहावत चरितार्थ होती दिख रही है। उसके आगे ग्रहों-नक्षत्रों का भी जोर नहीं है। आइये … Read more

33 करोड़ न सही, अनगिनत तो जरूर हैं देवी-देवता

आम तौर पर कहा जाता है कि हिंदुओं के 33 करोड़ देवी देवता हैं। यह 33 करोड़ का आंकड़ा वस्तुत: ऋग्वेद से आया है। उसमें 33 कोटि देवता बताए गए हैं। कोटि का एक अर्थ करोड़ है तो दूसरा अर्थ प्रकार होता है। चूंकि आम जन मानस ने पहले वाले अर्थ को आत्मसात कर लिया, … Read more

error: Content is protected !!