*कल्याण का पत्र दिखाने वाले हैं भगवान श्रेयांशनाथ:गुरुदेव श्री सौम्यदर्शन मुनी*
गुरुदेव श्री सौम्यदर्शन मुनि जी महारासा ने फरमाया कि 24 तीर्थंकर भगवान में 11वें भगवान श्री श्रेयांश नाथ जी है ,श्रेयांश का एक अर्थ है कल्याण करने वाला। श्रेयाशनाथ भगवान संसार के चराचर जीवों का कल्याण करने वाले थे। कल्याण भी दो तरह का होता है स्व यानी स्वयं का कल्याण पर यानी दूसरों का … Read more